Archive notice This article was published on 06 February 2024 and reflects conditions at the time of publication. Information, figures, and context may have changed since.

जिला बाल संरक्षण इकाई की त्रैमासिक बैठक आयोजित

सीकर, जिला कलेक्टर कमर उल जमान चौधरी की अध्यक्षता में सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला बाल संरक्षण इकाई की त्रैमासिक बैठक आयोजित हुई, जिसमें उन्होंने संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। जिला कलेक्टर कमर चौधरी ने जिला बाल संरक्षण इकाई की त्रैमासिक बैठक में पूर्व में दिए गए दिशा-निर्देशों की विस्तार से समीक्षा कर आवश्यक निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने निर्देशित किया कि जिले में बाल श्रम के संबंध में श्रम विभाग आवश्यक कार्यवाही करें तथा बालश्रम से मुक्त करवाए गए बच्चों की काउंसलिंग कर उन्हें विद्यालयों में प्रवेश दिलवाया जाए।

जिला कलेक्टर कमर चौधरी ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. निर्मल सिंह को निर्देश दिये कि जिला, ब्लॉक स्तर के राजकीय चिकित्सालयों में अनाथ बच्चों को छोड़ने के लिए कहां—कहां पर पालना गृह स्थापित है, उसकी विस्तृत सूचना भिजवायें। उन्होंने शिक्षा विभाग को समस्त विद्यालयों में चाईल्ड राईट क्लब, प्रहरी क्लब के गठन के साथ ही नियमित बैठक आयोजित करने,ब्लॉक एवं पंचायत स्तर पर देख—रेख एवं संरक्षण की आवश्यकताओं वाले अनाथ, जरूरतमंद बच्चों को चिन्हित कर विभाग की विभिन्न योजनाओं से जोड़ने तथा ब्लॉक एवं पंचायत स्तर पर शिक्षा से वंचित बालकों का सर्वे करवाने के निर्दे्श दिये।

जिला कलेक्टर कमर चौधरी ने महिला एवं बाल विकास विभाग को कुपोषित बालकों की आंगनबाडी कार्यकार्ताओं के माध्यम से अनाथ, उपेक्षित बालक—बालिकाओं की सूचना प्राप्त करने, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग को विभाग द्वारा बाल संरक्षण के क्षेत्र में पालनहार योजना से लाभान्वित करने, जिला परिवहन अधिकारी को बालवाहिनियों में निर्धारित संख्या से अधिक छात्र—छात्राओं के परिवहन करने पर की गई कार्यवाही की रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि समस्त विभागीय अधिकारी बैठक की अनुपालना रिपोर्ट बैठक से पूर्व भिजवाना सुनिश्चित करें, ताकि प्रगति की समीक्षा की जा सके।
जिला कलेक्टर कमर चौधरी ने बाल नशा मुक्ति बैठक की समीक्षा करते हुए जिला शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिये कि वे समस्त ब्लॉक शिक्षा अधिकारी, पीईईओ को निर्देशित करें कि निजी व राजकीय शिक्षण संस्थानों के 100 मीटर के दायरे में कोई भी नशा पदार्थ तम्बाकू, गुटका, सिगरेट इत्यादि की बिक्री नहीं हो, इसके लिए जिला स्तर पर ,ब्लॉक स्तर पर एक नोडल अधिकारी, पीईईओ स्तर पर एक—एक नोडल अधिकारी की नियुक्ति करना सुनिश्चित करें। जिला कलेक्टर ने आबकारी अधिकारी को निर्देशित किया कि शिक्षण संस्थानों के 200 मीटर की परिधि में संचालित शराब ठेकों के संबंध में आबकारी विभाग जांच कर ठोस कार्यवाही करें।

इस दौरान बैठक में सीईओ जिला परिषद राकेश कुमार, अतिरिक्त जिला कलेक्टर ओमप्रकाश बिश्नोई, अतिरिक्त जिला कलेक्टर शहर हेमराज परिडवाल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रामचन्द्र मुण्ड, सहायक निदेशक जिला बाल संरक्षण इकाई डॉ.गार्गी शर्मा, जिला बाल संरक्षण समिति अध्यक्ष डॉ.मधु आर्य, सदस्य बिहारी लाल बालान, रीना त्रिहन, उप निदेशक सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग ओमप्रकाश राहड, उप निदेशक आईसीडीएस सुमन पारीक, डीईओ एलीमेंट्री लालचंद, एडीईओ रामचंद्र बगड़िया, समन्वयक चाइल्डलाइन राहुल दानोदिया सहित संबंधित विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी और सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित रहें।