Archive Notice: This article was originally published on 13 अगस्त 2020.
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चूरू, जिले में पिछले दो माह से चल रहे टिड्डियों के प्रकोप के मध्येनजर टिड्डी व फाका नियंत्रण के लिए गुरुवार को हेलीकॉप्टर के जरिए कीटनाशक का स्प्रे किया गया। केंद्रीय विद्यालय से हेलीकॉप्टर के अभियान शुरू करने के लिए उड़ान भरने के अवसर पर जिला कलेक्टर डॉ प्रदीप के गावंडे, सांसद राहुल कस्वां सहित संबंधित अधिकारी, जनप्रतिनिधि मौजूद थे। जिला कलक्टर ने बताया कि जिले में अधिकांशतः ट्डिडी पर नियंत्रण कर लिया गया है लेकिन अब हॉपर पर भी उसी ढंग से नियंत्रण की जरूरत है। इसे देखते हुए हेलीकॉप्टर से स्प्रे की व्यवस्था की गई है। इस हेलीकॉप्टर द्वारा फाके को नियंत्रण करने के लिए पूर्व में विभाग द्वारा लोकेशन की जियो टैगिंग की जाती है कि वे किस लोकेशन पर फाके की संख्या ज्यादा है, जहां पर नियंत्रण की कार्रवाई करवाई जानी है। इसके लिए चारों कोनों पर अलग-अलग उनके लोंगिट्यूड लैटिट्यूड र्निधारित कर दिए जाते हैं, जहां पर हेलीकॉप्टर द्वारा स्प्रे की कार्रवाई की जाती है तथा चारों कोनों पर झंडे लगाए जाते हैं ताकि ऊपर से सही जगह का पता लग सके। सांसद राहुल कस्वां ने अधिकारियों से कहा कि वे इस तरह से एक्शन प्लान बनाकर कार्य करें कि किसानों को वास्तव में अधिकतम राहत मिले। उन्होंने कहा कि किसानों के लिए यह समय अत्यंत महत्त्वपूर्ण है तथा यदि हम इस समय फाके पर नियंत्रण कर सकेंगे तो काफी हद तक किसानों को राहत मिलेगी। कृषि अधिकारी कुलदीप शर्मा ने बताया कि टिड्डियों ने जिन-जिन क्षेत्रों पर रात्रि में पड़ाव डाले थे, उन जगहों पर अब हॉपर निकलने शुरू हो गए हैं। जहां पर टिड्डियों ने अंडे दिए थे उन पर 8 से 10 दिन बाद में यह हॉपर निकलने शुरू जाते हैं, जिनको हम देसी भाषा में फाका कहते हैं। इन पर पिछले 15 दिन से नियंत्रण का कार्य विभाग द्वारा किया जा रहा है। जिले में नवाचार के तौर पर फाके को नियंत्रण करने के लिए हेलीकॉप्टर का उपयोग किया गया है। हेलीकॉप्टर के साथ 500 लीटर की टंकी सलंग्न होती है जिसमें 5 परसेंट कीटनाशक का घोल बनाकर उस टंकी में डाला जाता है, जिससे स्प्रे की कार्रवाई की जाती है। हेलीकॉप्टर फसल या पौधों की ऊंचाई से लगभग 10 फीट ऊपर से स्प्रे की कार्रवाई करता है। एक बार में हेलीकॉप्टर लगभग 50 से 60 हेक्टेयर क्षेत्रफल में नियंत्रण की कार्रवाई कर सकता है। चूरू तहसील की रोही में छिड़काव का कार्य किया गया है। कल तारानगर तहसील के कुछ क्षेत्रों की जियो टैगिंग की गई है, जहां पर नियंत्रण की कार्रवाई करवाई जाएगी। तत्पश्चात राजगढ़ तहसील के कुछ गांव चयन किए गए हैं, वहां पर नियंत्रण की कार्रवाई करवाई जाएगी। यह हेलीकॉप्टर 5 से 7 दिन तक चूरू जिले में नियंत्रण की कार्रवाई करेगा। इस दौरान पूर्व जिला प्रमुख सुरेंद्र मारू, महेंद्र सिंह, टिड्डी मंडल के प्रभारी जी एल मीणा, मोहनलाल टेलर मौजूद थे।

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