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झुंझुनू महिला बाल विकास विभाग की ओर से आज बालिकाओं के जन्म को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ऐसे सम्मान समारोह का आयोजन किया गया है जो जिले में पहले कभी नहीं हुआ महिला बाल विकास विभाग की ओर से आज झुंझुनू के सामुदायिक भवन में 150 से ज्यादा ऐसे परिवारों को सम्मानित किया गया है जिन परिवारों ने एक ही बेटी के ऊपर परिवार नियोजन अपनाकर जिले में एक नई मिसाल कायम की है जी हां इस सम्मान समारोह में झुंझुनू जिला कलेक्टर रवि जैन ने जिले की 150 महिलाओं को प्रशस्ति पत्र व झुंझुनू नागरिक मंच की ओर से नगद पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया है जिन महिलाओं ने एक ही बेटी के ऊपर परिवार नियोजन अपनाकर जिले में बेटियों के जन्म को बढ़ावा दिया और बेटी और बेटे के फर्क को भी खत्म किया। जिला कलेक्टर रवि जैन ने बताया कि आज जो सम्मान समारोह आयोजित किया गया है झुंझुनू में ऐसा सम्मान समारोह पहले कभी नहीं हुआ और ऐसी 150 से ज्यादा महिलाओं को सम्मानित करके उन्हें भी गर्व महसूस हो रहा है कि जिन महिलाओं ने जिनकी उम्र 25 साल भी है और 40 साल की और 35 साल भी है उन महिलाओं ने एक ही बेटी के ऊपर परिवार नियोजन अपनाकर झुंझुनू जिले में बेटियों को बचाने का एक बेहतर संदेश दिया है इस अवसर पर जिला कलेक्टर ने कहा कि इन्हीं महिलाओं की देन है कि कल 24 जनवरी को राष्ट्रीय बालिका दिवस के ऊपर झुंझुनू जिला भी दिल्ली में राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित होगा । सम्मानित हुई पिलानी की महिला ने मीडिया से रूबरू होते हुए बताया कि उसने अपनी एक बेटी के जन्म के बाद में नसबंदी करवा कर परिवार नियोजन अपनाकर बेटी और बेटे के फर्क को खत्म कर दिया और आज वह अपनी बेटी को अच्छी शिक्षा दिलवा कर एक ऊंचे मुकाम तक पहुंचाना ही इनका मकसद है और उन्होंने बताया कि बेटी और बेटे में कोई फर्क नहीं है बल्कि उनको बेटी बेटों से ज्यादा अच्छी लगती है ऐसी ही महिलाओं की वजह से झुंझुनू जिला 24 जनवरी को राष्ट्रीय बालिका दिवस के ऊपर बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ के लिए राष्ट्रीय स्तर पर तीसरी बार सम्मानित होगा।
