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इस्लामपुर, [नीरज सैनी] कस्बे के आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के खेतों में ऐसे लगता है कि इन्होने पिली चुनरिया ओढ़ ली हो। इस समय खेतों में सरसों की फसल लहलहा रही है सरसों की फसल के पीले फूलो की शोभा देखते ही बनती है। साथ ही पड़ रही तेज सर्दी ने लोगो की जहा धूजणी छूटा रखी है वही किसानों के चेहरे पड़ रही ठण्ड के साथ खिलते जा रहे है। किसानों ने बताया कि तेज पड़ रही है ठंड सरसों, गेहूं, चना इत्यादि फसलों के लिए लाभदायक है। इसके कारण इसकी पैदावार में भी बढ़ोतरी होती है वही लगातार मौसम खराब होना या पाला पड़ना इस समय फसल के लिए हानिकारक साबित होता है। पड़ रही तेज ठंड जहा लोगों को कपकपा रही है किसानों को फसल में उसका लगातार फायदा मिल रहा है। जिसके चलते कंपकपाती ठण्ड में भी किसान खेतो में उत्साह से लगे हुए है। लेकिन वर्तमान में चल रही यूरिया की कमी के चलते कभी कभी किसानो के चेहरों पर चिंता की लकीरे भी दिखाई देने लगती है।
