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Jhunjhunu News: हीरवा गांव के CRPF जवान कृष्ण कुमावत का निधन

CRPF jawan Krishna Kumawat funeral procession with tricolour in Jhunjhunu

चिड़ावा क्षेत्र में शोक, तिरंगा यात्रा के साथ होगी अंतिम विदाई

हीरवा गांव के सपूत का निधन, पूरे क्षेत्र में शोक

झुंझुनूं जिले के चिड़ावा उपखंड स्थित हीरवा गांव से देश सेवा के लिए निकले CRPF के जवान कृष्ण कुमावत (38) का शनिवार रात जयपुर अस्पताल में इलाज के दौरान निधन हो गया। खबर मिलते ही गांव, कस्बा चिड़ावा और आसपास के इलाकों में शोक की लहर दौड़ गई।

दो साल से चल रहा था इलाज

परिजनों के अनुसार, जवान कृष्ण कुमावत करीब 24 महीनों से गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे। इलाज के लिए जयपुर में भर्ती थे, जहां शनिवार रात उन्होंने अंतिम सांस ली।

कोबरा बटालियन में थे तैनात

कृष्ण कुमावत CRPF की कोबरा बटालियन (NDRF यूनिट अंतर्गत) में सेवाएं दे रहे थे। उनकी पोस्टिंग किशनगढ़ में थी। ड्यूटी के दौरान ही तबीयत बिगड़ने के बाद उनका उपचार शुरू हुआ।

साधारण परिवार, लेकिन देशसेवा का जज्बा

हीरवा गांव के साधारण परिवार से आने वाले कृष्ण, पिता इंद्र सिंह कुमावत (दर्जी) और मां सोना देवी के सबसे छोटे बेटे थे। परिवार में दो बहनें और एक भाई हैं, जो पिता के साथ टेलरिंग का कार्य करते हैं।

पत्नी और दो बेटों पर टूटा दुख

जवान की पत्नी मंजू देवी और दो बेटे—पंकज (12वीं)निखिलेश (9वीं)—पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। गांव में बच्चों के भविष्य को लेकर चिंता जताई जा रही है।

तिरंगा यात्रा और राजकीय सम्मान की तैयारी

जवान का पार्थिव शरीर आज शाम तक चिड़ावा पहुंचने की संभावना है।
चिड़ावा रेलवे स्टेशन से हीरवा गांव तक तिरंगा यात्रा निकाली जाएगी। इसके बाद राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाएगा।

दिनेश सहारण (पूर्व सैनिक), राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी झुंझुनूं जिला संयोजक ने कहा

“देश सेवा में लगे जवान को पूरे सम्मान के साथ विदाई देना हम सबका कर्तव्य है। युवा बड़ी संख्या में तिरंगा रैली में शामिल हों।”

शहीद समान सम्मान की मांग

गांव के युवाओं और पूर्व सैनिकों ने मांग की है कि कृष्ण कुमावत को शहीद समान सम्मान दिया जाए। चिड़ावा क्षेत्र पहले भी कई वीर सैनिकों और अर्धसैनिक बलों की कुर्बानी का साक्षी रहा है।

चिड़ावा से मनीष शर्मा की रिपोर्ट