झुंझुनूं स्थित श्री जगदीशप्रसाद झाबरमल टीबडेवाला विश्वविद्यालय (JJTU) में गेम ऑफ माइंड नामक प्रेरक संगोष्ठी का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे।
मुख्य वक्ता ने छात्रों को दिया जीवन-दर्शन
संगोष्ठी में मुख्य वक्ता के रूप में श्री हरि भक्ति दास, उपदेशक (इस्कॉन), ने विद्यार्थियों को जीवन-मूल्य, नैतिक सिद्धांत, और सकारात्मक सोच को अपनाने का संदेश दिया।
उन्होंने कहा कि—
“युवाओं में असीम ऊर्जा होती है। यदि सही दिशा मिले तो वे समाज और राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।”
अनुशासन और कम मोबाइल उपयोग पर जोर
वक्ता ने छात्रों को मेहनत, सत्यनिष्ठा और आत्मविश्वास को जीवन का आधार बनाने की सलाह दी।
मोबाइल के अत्यधिक उपयोग पर चेताते हुए उन्होंने कहा—
“मोबाइल का अधिक उपयोग विद्यार्थियों को मूल उद्देश्य से भटका देता है। इसका सीमित और उद्देश्यपूर्ण उपयोग करें।”
छात्रों में दिखी नई सकारात्मक ऊर्जा
संगोष्ठी के बाद विद्यार्थियों ने बताया कि यह सत्र उनके
- व्यक्तित्व विकास,
- करियर निर्माण,
- और जीवन-दृष्टि को मजबूत करेगा।
छात्रों ने वक्ता के विचारों को अत्यंत उपयोगी और प्रेरक बताया।
अतिथियों का स्वागत और कार्यक्रम संचालन
कार्यक्रम में डॉ. मधु गुप्ता, कुलसचिव डॉ. अजीत कुमार और डॉ. अमन गुप्ता ने अतिथियों का स्वागत बुके देकर किया।
संचालन का दायित्व डॉ. राम दर्शन फोगाट ने निभाया।
इन अधिकारियों व संकाय सदस्यों की रही उपस्थिति
कार्यक्रम में उपस्थित रहे—
- डॉ. वी.डी. गुप्ता
- डॉ. सुरेंद्र
- डॉ. धर्मेंद्र
- डॉ. नाजिया हुसैन
- डॉ. अनंता शांडिल्य
- डॉ. संजय
- नितिन बंसल
- डॉ. रामनिवास सोनी
- नीना बंसल
- मोहित जाजपुरा
- शुभम पारीक
- राधेश्याम जांगिड़
सहित विश्वविद्यालय का संपूर्ण स्टाफ व विद्यार्थी।