Information, figures, and context may have changed since the time of publication.
दांतारामगढ़ [प्रदीप सैनी ] दांता कस्बे के श्री खेड़ापति बालाजी मंदिर के पूर्व दिशा में स्थित दांतारामगढ़ क्षेत्र के एकमात्र प्राचीन नृसिंह जी का मंदिर दांता ठिकाने के द्वितीय राजा रतनसिंह द्वारा विक्रम संवत 1795 में निर्मित कराया था जो आज से पहले जीर्ण-शीर्ण अवस्था में स्थित था। जिसका जीर्णोंद्धार करके भव्य रूप दिया गया हैं। आज लोग नृसिंह मंदिर को शक्करबंदेवरा के नाम से पुकारते हैं। सैकड़ो साल पुराने इस ऐतिहासिक मंदिर को अब लोगो के सकारात्मक प्रयास के चलते भव्य रूप की पुनः प्राप्ति हुई है। खेड़ापति बालाजी मंदिर के महंत रमा प्रकाश शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि कस्बे के श्री खेड़ापति बालाजी मंदिर के पीछे स्थित प्राचीन श्री नृसिंह मंदिर में श्री नृसिंह जयंती महोत्सव के उपलक्ष में श्री नृसिंह मंदिर जीर्णोद्धार व मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा समारोह के तहत आज बुधवार से तीन दिवसीय धार्मिक कार्यक्रम होंगे। आयोजक श्री खेड़ापति बालाजी नवयुवक मंडल के पदाधिकारियों ने बताया कि रैवासा पीठाधीश्वर श्री राघवाचार्य महाराज के सानिध्य में बुधवार को वैदिक मंत्रों से पूजन होगा। शाम 4:15 बजे से 11 कुंडीय हवन होगा। गुरुवार को सुबह 7:15 बजे से कलश यात्रा व मूर्ति दर्शन का कार्यक्रम होगा जिसमें कलश व निशान यात्रा के साथ मूर्ति को नगर भ्रमण करवाया जाएगा। निशान व कलश यात्रा निम्बार्क आश्रम से नृसिंह मंदिर प्रांगण तक निकाली जाएगी। प्रातः 10:15 बजे से हवन पूर्णाहुति दी जाएगी। दोपहर 12:15 बजे भगवान नृसिंह की मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा की जाएगी। उसके बाद दोपहर 1:15 बजे से महाप्रसाद भंडारा होगा। रात्रि 8:15 बजे से भजन संध्या होगी। जिसमें टोंक के सुप्रसिद्ध गायक कलाकार हेमराज सैनी एंड पार्टी भजनों की शानदार प्रस्तुतियां देंगे। साथ ही जादूगर सांवरमल भीलवाड़ा व डांसर मुकेश राव टोंक भी अपनी कला के साथ दर्शकों को रिझाएंगे। शुक्रवार को प्रातः 9:15 बजे भगवान नृसिंह का जन्मोत्सव मनाया जाएगा। रात्रि 7:15 बजे से महाआरती होगी।
