नए मनरेगा कानून के खिलाफ चूरू से कांग्रेस का व्यापक जनआंदोलन
चूरू। चूरू जिला मुख्यालय स्थित शहर व देहात ब्लॉक कांग्रेस कार्यालय मंडेलिया हाउस में मनरेगा बचाओ संग्राम की मांगों को लेकर चूरू जिला कांग्रेस कमेटी की ओर से प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई।
प्रेस वार्ता में प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव व जिला संगठन प्रभारी विधायक हाकम अली खां ने प्रदेश कांग्रेस द्वारा तय किए गए आंदोलनात्मक कार्यक्रमों की जानकारी दी।
“हर गांव, हर गली में लड़ेगी कांग्रेस” – हाकम अली खां
हाकम अली खां ने कहा
“कांग्रेस हर गांव, हर वार्ड और हर गली में उतरकर मनरेगा बचाने की लड़ाई लड़ेगी।
इस नए कानून को किसी भी हाल में स्वीकार नहीं किया जाएगा।”
उन्होंने आरोप लगाया कि
“मोदी सरकार जनविरोधी नीतियों की फैक्ट्री बन चुकी है।
पहले रोजगार छीना गया और अब रोजगार का अधिकार खत्म करने की कोशिश हो रही है।”
उन्होंने स्पष्ट कहा कि
“मनरेगा कोई दया नहीं, बल्कि संविधान से मिला अधिकार है।
इसे खत्म करने की हर साजिश का सड़क से संसद तक जवाब दिया जाएगा।”
“उद्योगपतियों के दबाव में मनरेगा कमजोर” – मनोज मेघवाल
चूरू जिला कांग्रेस अध्यक्ष व विधायक मनोज मेघवाल ने कहा
“भाजपा की केंद्र सरकार ने उद्योगपतियों के दबाव में मनरेगा को कमजोर करने का काम किया है,
जो गरीब और मजदूर वर्ग के हितों पर सीधा हमला है।”
उन्होंने कहा कि
“कांग्रेस पार्टी हमेशा गरीबों और मजदूरों के अधिकारों की लड़ाई लड़ती आई है और आगे भी लड़ती रहेगी।”
12 से 29 जनवरी तक गांव-ढाणी आंदोलन
जिला अध्यक्ष मनोज मेघवाल ने बताया कि
- गांधी स्मारक, पुरानी कलेक्ट्रेट चूरू के सामने
एक दिवसीय उपवास रखकर विरोध प्रदर्शन किया गया - 12 जनवरी से 29 जनवरी तक
गांव-गांव, ढाणी-ढाणी और वार्ड स्तर पर प्रदर्शन किए जाएंगे
यह सभी कार्यक्रम राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के निर्देशानुसार आयोजित किए जा रहे हैं।
बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता रहे मौजूद
प्रेस कॉन्फ्रेंस में शामिल प्रमुख नेता:
- प्रदेश कांग्रेस सचिव रियाजत खान
- शहर ब्लॉक अध्यक्ष असलम खोखर
- देहात ब्लॉक अध्यक्ष किशोर धान्धू
- निवर्तमान प्रधान संजय कस्वां
- पूर्व सभापति गोविंद महनसरिया
- वरिष्ठ नेता मोहम्मद हुसैन निर्बाण, रमजान खान, सीताराम खटीक
कार्यक्रम का संचालन जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष जमील चौहान ने किया।
इसके अलावा अली मोहम्मद भाटी, असलम खां मोयल, आरिफ रिसालदार, संजय भाटी, सोयल डीके, समीउल्लाह गौरी, तोफिक खान, सद्दाम हुसैन, बाबू मंत्री अजीज दिलावरखानी, विमल शर्मा, शेर खां मलखाण, राजेश खिचड़, सूर्यप्रकाश वर्मा सहित अनेक कार्यकर्ता मौजूद रहे।