उदयपुरवाटी, कैलाश बबेरवाल कस्बे के पांच बत्ती क्षेत्र के निकट स्थित ऐतिहासिक मूनशाह की बावड़ी का मंगलवार को झुंझुनूं जिला कलेक्टर डॉ. अरुण गर्ग ने औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने बावड़ी के ऐतिहासिक महत्व को देखते हुए इसके जीर्णोद्धार और पर्यटन स्थल के रूप में विकास की संभावनाओं पर जोर दिया।
कलेक्टर ने पर्यटन विभाग के अधिकारियों को बावड़ी के संरक्षण और विकास के लिए विस्तृत प्रस्ताव तैयार कर राज्य सरकार को भेजने के निर्देश दिए।
पर्यटन मानचित्र पर लाने की तैयारी
निरीक्षण के दौरान जिला कलेक्टर ने कहा कि राज्य सरकार की मंशा ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण और संवर्धन की है। इसी के तहत मूनशाह की बावड़ी के पुनरुत्थान और पर्यटन विकास के लिए ठोस कार्य योजना तैयार की जाए।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को बावड़ी को आकर्षक पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की दिशा में आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए।
सफाई व्यवस्था को लेकर जताई नाराजगी
कलेक्टर ने नगर पालिका प्रशासन को बावड़ी परिसर की तत्काल साफ-सफाई कराने के निर्देश भी दिए। निरीक्षण के दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक वहां पहुंचे और क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं से उन्हें अवगत कराया।
लोगों ने बताया कि कस्बे में जगह-जगह गंदगी के ढेर लगे हुए हैं तथा पिछले छह से सात वर्षों से मुख्य नालों की समुचित सफाई नहीं हुई है।
बारिश में जलभराव से परेशान लोग
स्थानीय नागरिकों ने शिकायत की कि हल्की बारिश के दौरान भी गंदा पानी सड़कों पर जमा हो जाता है, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। इसके अलावा घरों से कचरा संग्रहण करने वाले नगर पालिका के टिपर वाहन भी नियमित रूप से संचालित नहीं होने की बात कही गई।
जनता की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए जिला कलेक्टर ने मौके पर मौजूद पालिका अधिकारियों को फटकार लगाई और समस्याओं के स्थायी समाधान के निर्देश दिए।
अधिकारी और जनप्रतिनिधि रहे मौजूद
निरीक्षण के दौरान नगर पालिका के अधिशाषी अधिकारी तौफिक अहमद, शिविर प्रभारी रामावतार सैनी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, कर्मचारी तथा स्थानीय पूर्व एवं वर्तमान जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।





