अजमेर की ऐतिहासिक वरुण सागर झील का करीब 100 वर्षों बाद पहली बार डीसिल्टिंग (गाद हटाने) का कार्य शुरू हो गया है। विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी और जल संसाधन मंत्री सुरेश सिंह रावत ने शनिवार को लगभग 31 करोड़ रुपये की लागत वाली इस महत्वाकांक्षी परियोजना का शुभारंभ किया।
परियोजना के तहत झील को गहरा किया जाएगा, जलधारण क्षमता बढ़ाई जाएगी, अतिक्रमण हटाए जाएंगे और झील को उसके मूल स्वरूप में विकसित किया जाएगा।
बढ़ेगी जलधारण क्षमता, मिलेगा जलभराव से राहत
विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने कहा कि झील के निर्माण के बाद पहली बार इसकी खुदाई हो रही है। इससे झील में पानी संग्रहण की क्षमता बढ़ेगी और वर्षा के दौरान अतिरिक्त पानी का बेहतर प्रबंधन संभव होगा। साथ ही शहर को जलभराव की समस्या से भी राहत मिलेगी।
उन्होंने बताया कि झील परिसर में भगवान वरुण देव की भव्य प्रतिमा स्थापित की जाएगी तथा आसपास के उद्यान का भी व्यापक सौंदर्यीकरण किया जाएगा।
पर्यटन और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा
देवनानी ने कहा कि तारागढ़ किला, लैपर्ड सफारी, साइंस पार्क, आनासागर और वरुण सागर विकास जैसी परियोजनाएं अजमेर को पर्यटन का प्रमुख केंद्र बनाएंगी, जिससे स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे।
प्रदेशभर में 500 करोड़ का जल संरक्षण अभियान
जल संसाधन मंत्री सुरेश सिंह रावत ने कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में प्रदेशभर में लगभग 500 करोड़ रुपये की लागत से झीलों, तालाबों और नदियों की डीसिल्टिंग एवं सफाई का व्यापक अभियान चलाया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि ‘वंदे गंगा जल संरक्षण अभियान’ के माध्यम से जल संरक्षण, सिंचाई और पेयजल उपलब्धता को मजबूत करने की दिशा में लगातार कार्य किए जा रहे हैं।
परियोजना की प्रमुख बातें
- वरुण सागर झील से लगभग 1.88 लाख घन मीटर (188400 CUM) गाद निकाली जाएगी।
- इससे झील की जल संग्रहण क्षमता में 6.65 एमसीएफटी की वृद्धि होगी।
- मुहामी से रूप नदी तक करीब 62 किलोमीटर लंबाई में डीसिल्टिंग और सफाई का कार्य होगा। लागत 12.04 करोड़ रुपये।
- डाई नदी, सागरमती नदी, फूलसागर, कायड़, बीर के प्राकृतिक नालों और कल्याणीपुरा चैनल की सफाई एवं डीसिल्टिंग पर 3 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
- सहोदरा नदी में लगभग 3.64 लाख घन मीटर गाद हटाने का कार्य होगा। लागत 5.44 करोड़ रुपये।
- माशी नदी एवं सुखसागर जलाशय के फीडर चैनल की डीसिल्टिंग पर 3.69 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।






