दौसा। राजस्थान के दौसा जिले में बुधवार तड़के दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर एक भीषण सड़क हादसे में 8 यात्रियों की मौत हो गई, जबकि 20 से अधिक लोग घायल हो गए। हरिद्वार से इंदौर जा रही निजी बस कोलवा थाना क्षेत्र में एक ट्रेलर से टकराने के बाद अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खाई में जा गिरी। हादसे के बाद बस के पिछले हिस्से में आग भी लग गई, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
घटना के बाद जिला प्रशासन ने दुर्घटना के सभी पहलुओं की जांच के लिए उच्चस्तरीय जांच समिति का गठन कर दिया है।
रात करीब 3 बजे हुआ हादसा
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार हादसा बुधवार तड़के करीब 2 से 3 बजे के बीच कोलवा थाना क्षेत्र स्थित रेस्ट एरिया के पास हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक अधिकांश यात्री उस समय सो रहे थे। ट्रेलर से जोरदार टक्कर के बाद बस सड़क से नीचे खाई में जा गिरी।
टक्कर इतनी भीषण थी कि बस की ऊपरी बर्थ पर सो रहे कई यात्री नीचे गिर पड़े। हादसे के कुछ देर बाद बस के पिछले हिस्से में आग लग गई, हालांकि अधिकांश यात्रियों को समय रहते बाहर निकाल लिया गया।
8 की मौत, कई घायल
पुलिस, स्थानीय लोगों और राहत दल ने संयुक्त रूप से बचाव अभियान चलाकर घायलों को बाहर निकाला। घायलों को तत्काल दौसा जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जबकि गंभीर रूप से घायल कई यात्रियों को उच्च चिकित्सा केंद्रों के लिए रेफर किया गया।
जिला प्रशासन के अनुसार हादसे में 8 लोगों की मौत हुई है तथा 24 से 25 लोग घायल हुए हैं। घायलों में महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं।
अस्पताल पहुंचे अधिकारी
हादसे की सूचना मिलते ही अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक योगेंद्र फौजदार, पुलिस उपाधीक्षक धर्मेंद्र कुमार, कोतवाली थाना प्रभारी भगवान सहाय शर्मा, उपखंड अधिकारी संजू मीणा और तहसीलदार गजानन मीणा जिला अस्पताल पहुंचे।
इसके बाद जिला कलेक्टर डॉ. सौम्या झा और पुलिस अधीक्षक पीयूष दीक्षित ने भी अस्पताल पहुंचकर घायलों की स्थिति का जायजा लिया और चिकित्सकों को बेहतर उपचार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
हादसे की जांच के लिए समिति गठित
जिला कलेक्टर डॉ. सौम्या झा ने दुर्घटना की विस्तृत जांच के लिए सात सदस्यीय जांच दल का गठन किया है।
समिति में अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट लालसोट, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दौसा, प्रादेशिक परिवहन अधिकारी, उपखंड मजिस्ट्रेट बांदीकुई एवं बसवा, सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी तथा आईआरएडी (iRAD) एनआईसी के प्रभारी को शामिल किया गया है।
जिला कलेक्टर ने समिति को हादसे के सभी पहलुओं की गहन जांच कर शीघ्र विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।






