Jalore News: एक तरफ जहां सरकार डिजिटल क्रांति को बढ़ावा दो रही है वहीं दूसरी तरफ राजस्थान में आज भी एक ऐसा गांव है जहां मोबाइल में नेटवर्क नहीं आता है। यहां के लोगों को नेटवर्क के लिए आज भी पहाड़ों पर चढ़ना पड़ता है या फिर घर के छत पर सीढ़ी लगाकर ऊंचाई पर नेटवर्क की व्यवस्था करनी पड़ती है।
जालौर जिले के मेडाऊपरला गांव में आज भी नेटवर्क नहीं आता है। यहां के लोग नेटवर्क की समस्या से जूझते रहते हैं। आजादी के बाद एक तरफ जहां डिजिटल क्रांति को बढ़ावा दिया गया है वहीं दूसरी तरफ मेडाऊपरला गांव में मोबाइल नेटवर्क की समस्या बनी हुई है।
मेड़ाऊपरला गांव क्षेत्र के भेटाला, मायलावास, बारलावास, मेडानिचला गांवों का ग्राम पंचायत मुख्यालय है। इस गांव में उप स्वास्थ्य केंद्र है राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय है आंगनबाड़ी केंद्र है उप डाकघर है राशन वितरण की दुकान है और कई सरकारी दफ्तर भी है फिर भी यहां पर नेटवर्क नहीं आता।
मोबाइल बने शो पीस
आसपास के गांव के लोग जैसे ही इस गांव में आते हैं उनका मोबाइल डब्बा बन जाता है क्योंकि इसमें नेटवर्क ही नहीं रहता। यहां से कोई भी ऑनलाइन पेमेंट नहीं कर पता है क्योंकि नेटवर्क नहीं रहती है वहीं अगर किसी भी तरह का हादसा हो गया तो लोगों को सही समय पर जानकारी नहीं मिल पाती है।
नेटवर्क के लिए पेड़ व पहाड़ी का सहारा
जब ग्रामीणों को आवश्यक कार्य हो तो गांव की पहाड़ी पर स्थित माताजी मंदिर या पेड़ों पर चढ़कर नेटवर्क आने का इंतजार करना पड़ता है। नेटवर्क आने पर ही संबंधित से बात हो पाती है।