ग्रामीण बालिकाओं व महिलाओं को डिजिटल, वित्तीय और उद्यमिता कौशल की सौगात
सीकर | ग्रामीण महिलाओं और बालिकाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तहत कौशल रथ का शुभारंभ बुधवार को सीकर में किया जाएगा। भारत सरकार के कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय के अंतर्गत संचालित स्किल इंडिया – कुशल भारत अभियान के तहत यह रथ रवाना होगा।
केंद्रीय मंत्री दिखाएंगे हरी झंडी
बुधवार दोपहर 12 बजे, ग्रामीण महिला शिक्षण संस्थान, सीकर में आयोजित कार्यक्रम में
केंद्रीय कौशल विकास एवं उद्यमिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) जयंत चौधरी और यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा कौशल रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे।
कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व प्रदेश अध्यक्ष व पूर्व विधायक चौधरी नारायण सिंह करेंगे।
कई वरिष्ठ नेता व शिक्षाविद रहेंगे मौजूद
इस अवसर पर
- पूर्व सांसद सुमेधानंद सरस्वती (सीकर)
- ग्रामीण महिला शिक्षण संस्थान के पूर्व अध्यक्ष व शिक्षाविद चैन सिंह आर्य
विशिष्ट अतिथि के रूप में मंचस्थ रहेंगे।
कार्यक्रम के दौरान ग्रामीण महिला शिक्षण संस्थान की विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली प्रतिभाओं का सम्मान भी किया जाएगा।
क्या उद्देश्य है कौशल रथ का?
संस्थान अध्यक्ष इंजीनियर झाबरमल सीगड़ ने बताया कि
“यह कौशल रथ ग्रामीण बालिकाओं और महिलाओं को संचार कौशल, उद्यमिता, वित्तीय साक्षरता और डिजिटल स्किल्स विकसित करने के लिए जागरूक करेगा।”
उन्होंने बताया कि रथ को बाद में जिले के अन्य गांवों में भी भेजा जाएगा, ताकि अधिक से अधिक महिलाएं और आमजन इससे लाभान्वित हो सकें।
इन महत्वपूर्ण कौशलों पर रहेगा फोकस
कौशल रथ के माध्यम से महिलाओं को
- स्पष्ट और प्रभावी संचार कौशल
- व्यक्तिगत वित्तीय योजना व धन प्रबंधन
- उद्यमिता की मूल बातें और छोटा व्यवसाय शुरू करने के कदम
- डिजिटल टूल्स का व्यक्तिगत और पेशेवर उपयोग
की जानकारी दी जाएगी।
इन कौशलों से महिलाएं व्यक्तिगत जीवन के साथ-साथ रोजगार और स्वरोजगार के अवसरों में भी खुद को सशक्त बना सकेंगी।
आत्मनिर्भर भारत की दिशा में कदम
यह पहल आत्मनिर्भर भारत और महिला सशक्तिकरण की सोच को जमीन पर उतारने का प्रयास है, जिससे ग्रामीण क्षेत्र की महिलाएं बदलते समय के अनुसार खुद को सक्षम बना सकें।