आर्मी अफसर बन अस्पतालों में कर रहा था ‘निरीक्षण’, एक शक ने खोल दी पूरी पोल
झुंझुनू जिले में चिड़ावा के निजी अस्पतालों में खुद को सेना का विजिलेंस अधिकारी बताकर निरीक्षण करने पहुंचे एक युवक का मामला सामने आया है। युवक आर्मी की वर्दी पहनकर अस्पतालों में पहुंचा और ईसीएचएस (Ex-Servicemen Contributory Health Scheme) से जुड़े रिकॉर्ड, मरीजों की ओपीडी, भर्ती और उपचार संबंधी दस्तावेज देखने की मांग करता रहा।
मामले का खुलासा तब हुआ जब अस्पताल प्रबंधन को उसके व्यवहार पर संदेह हुआ और ईसीएचएस अधिकारियों से जानकारी ली गई।
खुद को दिल्ली से आया अधिकारी बताया
जानकारी के अनुसार आरोपी सबसे पहले एक निजी अस्पताल पहुंचा और खुद को दिल्ली से आया ईसीएचएस विजिलेंस अधिकारी बताते हुए निरीक्षण शुरू कर दिया। इसके बाद वह अन्य निजी अस्पतालों में भी पहुंचा और रिकॉर्ड की जांच के नाम पर दस्तावेज मांगने लगा।
शुरुआत में अस्पताल प्रबंधन उसके आत्मविश्वास और सेना से जुड़ी जानकारी के कारण उसके झांसे में आ गया।
जांच में खुली पोल, आरोपी हुआ फरार
मामले की सूचना मिलने पर ईसीएचएस पॉलीक्लिनिक की टीम सक्रिय हुई। जांच के दौरान पता चला कि सेना या ईसीएचएस की ओर से ऐसा कोई अधिकृत निरीक्षण निर्धारित नहीं था।
इस बीच संबंधित अस्पतालों से जानकारी जुटाई गई, लेकिन संदेह गहराने से पहले ही युवक वहां से फरार हो गया।
सेना मुख्यालय को भेजी गई सूचना
बताया जा रहा है कि आरोपी की उम्र करीब 30 से 35 वर्ष है और उसने लेफ्टिनेंट कर्नल स्तर की वर्दी पहन रखी थी। उसे सेना और ईसीएचएस से संबंधित कई जानकारियां भी थीं।
ईसीएचएस अधिकारियों ने मामले को गंभीर मानते हुए सेना मुख्यालय और संबंधित एजेंसियों को सूचना भेज दी है। साथ ही अस्पतालों को निर्देश दिए गए हैं कि भविष्य में किसी भी अधिकारी की पहचान और अधिकृत आदेश की पुष्टि किए बिना कोई भी रिकॉर्ड उपलब्ध न कराया जाए।
फिलहाल युवक की तलाश जारी है और उसके खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
चिड़ावा से मनीष शर्मा की रिपोर्ट






