Information, figures, and context may have changed since the time of publication.
धनिया के पत्तियों का इस्तेमाल चटनी सब्जी बनाने में किया जाता है। हर घर में धनिया का इस्तेमाल किया जाता है यही वजह है कि पूरे साल इसकी मांग बनी रहती है। आज हम आपको धनिया की खेती के बारे में बताएंगे।
कम समय में तैयार होती है धनिया की फसल
धनिया का फसल इसलिए खास माना जाता है क्योंकि यह काम समय में तैयार हो जाता है। कम लागत में अधिक मुनाफा देने वाला फसल धनिया माना जाता है।
मात्र 35 दिनों में हो जाता है तैयार
कृषि वैज्ञानिकों की माने तो यहां पर 35 से 40 दिनों में तैयार हो जाता है।इस साल में तीन से चार बार बोया जा सकता है। इसकी खेती करने में अधिक खर्च नहीं आता है लेकिन पैदावार काफी अच्छी होती है।
इस फसल को लगाने के लिए ठंड का मौसम सबसे उचित माना जाता है। नवंबर और दिसंबर के बीच इसकी बुवाई करने से पौधे अच्छी तरह से बढ़ते हैं। आपको ध्यान रखना है कि बीजों की क्वालिटी अच्छी होनी चाहिए। खेत जोत कर उसमें गोबर की खाद या जैविक खाद डालना चाहिए ताकि मिट्टी की उर्वरता बढ़ सके।
धनिया खेती में अधिक पानी डालने की जरूरत नहीं है। समय-समय पर हल्की सिंचाई जरूरी है। बुवाई से तीन से चार दिन के बाद आपको इसकी सिंचाई करनी चाहिए लेकिन ध्यान रखें की पानी निकासी का सही व्यवस्था हो वरना आपकी फसल खराब हो सकती है। मात्र 30 दिनों में यह फसल तैयार हो जाएगी। आपको धनिया की खेती में लागत से दोगुना अधिक मुनाफा होगा।
