रतनगढ़। राजलदेसर थाना क्षेत्र के वर्ष 2020 के हत्या मामले में रतनगढ़ एडीजे कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए मां की चाकू से हत्या करने के दोषी बेटे मुकेश ओसवाल को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर 25 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
2020 में मां पर चाकू से किया था हमला
अपर लोक अभियोजक डॉ. जयाकांत बिंवाल के अनुसार, घटना 12 जून 2020 को राजलदेसर में हुई थी। आरोप के मुताबिक, मुकेश ने अपने घर पर अपनी मां झिंकारदेवी पर चाकू से हमला किया था।
घटना के संबंध में आरोपी के छोटे भाई मनीष ने राजलदेसर थाने में मामला दर्ज कराया था। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की।
इलाज के दौरान हुई थी झिंकारदेवी की मौत
चाकू से घायल झिंकारदेवी को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उनकी 14 जून 2020 को इलाज के दौरान मौत हो गई।
मौत के बाद पुलिस ने मामले में हत्या की धारा जोड़ी। जांच पूरी होने के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ चालान अदालत में पेश किया।
17 गवाह और 27 दस्तावेजी साक्ष्यों के आधार पर फैसला
मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने अदालत के समक्ष 17 गवाहों के बयान और 27 दस्तावेजी साक्ष्य प्रस्तुत किए। इन साक्ष्यों के आधार पर एडीजे सुरेंद्र कौशिक की अदालत ने मुकेश ओसवाल को हत्या का दोषी माना।
अदालत ने दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाने के साथ 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। जुर्माना जमा नहीं करने की स्थिति में उसे 6 महीने का अतिरिक्त कठोर कारावास भुगतना होगा।






