झुंझुनूं। एआईसीसी के आह्वान और पीसीसी के निर्देश पर जिला कांग्रेस कमेटी की ओर से ‘वोट चोरी’ के आरोपों और चुनावी प्रक्रिया के कथित दुरुपयोग के विरोध में प्रदर्शन किया गया।
मंडावा विधायक एवं जिला कांग्रेस अध्यक्ष रीटा चौधरी के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने गांधी चौक से जिला कलेक्ट्रेट तक ‘लोकतंत्र बचाओ’ पैदल मार्च निकाला।
मार्च में उदयपुरवाटी विधायक भगवाना राम सैनी, पिलानी विधायक पितराम काला, खेतड़ी विधानसभा प्रत्याशी मनीष गुर्जर और जिला सह प्रभारी रियाजत खान सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल हुए।
हाथों में तख्तियां लेकर लगाए नारे
कांग्रेस कार्यकर्ता हाथों में पार्टी के झंडे और नारे लिखी तख्तियां लेकर शहर के मुख्य मार्गों से होते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचे।
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने “मेरा वोट कोई पारले-जी का बिस्किट नहीं…”, “वोट हमारा, सरकार तुम्हारी…”, “ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दो” और “वोट चोरी, सबसे बड़ी सीनाजोरी” जैसे नारे लगाए।
कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ भी नारेबाजी की।
कलेक्ट्रेट पर ज्ञानेश कुमार का पुतला फूंका
जिला कलेक्ट्रेट पहुंचने के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का पुतला फूंका।
रीटा चौधरी ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर आरोप लगाते हुए कहा कि चुनावी प्रक्रिया का कथित रूप से दुरुपयोग कर भाजपा को लाभ पहुंचाने की कोशिश की गई।
उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग एक स्वतंत्र संवैधानिक संस्था है और उसकी जिम्मेदारी निष्पक्ष चुनाव कराना है। कांग्रेस का आरोप है कि कुछ राज्यों में मतदाता सूची से नाम हटाने और नए नाम जोड़ने की प्रक्रिया के जरिए भाजपा को फायदा पहुंचाने की कोशिश की गई।
देशभर में कांग्रेस इसी तरह के आरोपों को लेकर चुनाव आयोग के खिलाफ प्रदर्शन कर रही है। चुनाव आयोग की ओर से मतदाता सूची से जुड़े कदमों को लेकर अलग पक्ष रखा गया है।
राजस्थान के निकाय चुनावों को लेकर भी लगाए आरोप
रीटा चौधरी ने हाल में हुए राजस्थान नगर निकाय चुनावों का भी जिक्र किया।
उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस के पार्षदों पर दबाव बनाने और उनके परिवारों को डराने-धमकाने की कोशिश की गई। उन्होंने कहा कि जहां कांग्रेस के बोर्ड बनने की संभावना थी, वहां सरकारी तंत्र के कथित दुरुपयोग का प्रयास किया गया।
रीटा चौधरी ने कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे पर चुप नहीं बैठेगी और “लोकतंत्र को बचाने के लिए सड़क से सदन तक संघर्ष” जारी रखने की बात कही।
पुलिस और कार्यकर्ताओं में धक्का-मुक्की
कलेक्ट्रेट पहुंचने के बाद प्रदर्शन के दौरान पुलिस और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच धक्का-मुक्की हुई।
इस दौरान जिलाध्यक्ष रीटा चौधरी, युवा कांग्रेस जिलाध्यक्ष सुनील झाझरिया, एनएसयूआई जिलाध्यक्ष राहुल जाखड़ और कांग्रेस ओबीसी विभाग जिलाध्यक्ष संतोष सैनी सहित कुछ कार्यकर्ता बैरिकेड्स पर चढ़कर नारे लगाने लगे।
प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने कलेक्ट्रेट परिसर की ओर जाने वाले रास्ते पर सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखी।
ये कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता रहे मौजूद
प्रदर्शन में पीसीसी सदस्य सलीम खां सिगड़ी, रणजीत चंदेलिया, पूर्व प्रधान शेरसिंह नेहरा, महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष शकुंतला यादव, एससी प्रकोष्ठ जिलाध्यक्ष अमर सिंह धीरज, राजीव गांधी पंचायती राज संगठन के प्रदेश सचिव राजकुमार राठी, जिलाध्यक्ष विजय मिल सहित कई पदाधिकारी मौजूद रहे।
इसके अलावा चिड़ावा उप प्रधान विपिन नुनिया, मंडावा नगर पालिका चेयरमैन सज्जन मिश्रा, उप चेयरमैन नवाब खत्री, बिसाऊ के सलीम सैयद, राकेश डालमिया, जिला प्रवक्ता जाकिर झुनझुनवाला, नरेश सोनी, राजकुमार ढाका, चुन्नीलाल चनेजा, आकाश चौधरी सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए।
प्रदर्शन में झुंझुनूं, चिड़ावा, पिलानी, मंडावा, अलसीसर, खेतड़ी सहित विभिन्न ब्लॉक कांग्रेस के पदाधिकारी और कार्यकर्ता भी मौजूद रहे।






