झुंझुनूं। जिला कलक्टर डॉ. अरुण गर्ग (आईएएस) की अध्यक्षता में गुरुवार को कलक्ट्रेट सभागार में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित हुई। बैठक में पुलिस अधीक्षक कावेन्द्र सिंह सागर (आईपीएस) सहित विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया। बैठक में सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने, यातायात नियमों की प्रभावी पालना और सड़क सुरक्षा कार्यों में तेजी लाने पर विस्तृत चर्चा की गई।
ब्लैक स्पॉट सुधार और ओवरलोड वाहनों पर रहेगा फोकस
बैठक में दुर्घटना संभावित ब्लैक स्पॉट स्थलों पर आवश्यक सुधारात्मक कार्य, ओवरलोड वाहनों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई, मोटर वाहन अधिनियम के प्रावधानों के सख्ती से पालन तथा यातायात नियमों के प्रभावी क्रियान्वयन पर चर्चा की गई। साथ ही विद्यालय वाहनों के सुरक्षित संचालन से संबंधित दिशा-निर्देशों की अनुपालना की भी समीक्षा की गई।
सड़क सुरक्षा को लेकर कलेक्टर के निर्देश
जिला कलक्टर डॉ. अरुण गर्ग ने सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के उद्देश्य से बीड़ से बगड़ मार्ग पर सड़क किनारे उगी बाधक वनस्पति हटाने, बाल वाहिनियों का सुरक्षित एवं नियमानुसार संचालन सुनिश्चित करने तथा शराब पीकर वाहन चलाने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
उन्होंने आरएसआरडीसी एवं लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) को राज्य एवं राष्ट्रीय राजमार्गों से जुड़े लिंक मार्गों पर आवश्यकता अनुसार स्पीड ब्रेकर निर्माण, सड़क के गड्ढों और क्षतिग्रस्त हिस्सों की शीघ्र मरम्मत तथा सड़क सुरक्षा से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के निर्देश भी दिए।
हेलमेट और ओवरस्पीड पर सख्ती के निर्देश
बैठक में पुलिस अधीक्षक कावेन्द्र सिंह सागर ने कहा कि सड़क सुरक्षा केवल प्रशासन की नहीं, बल्कि पूरे समाज की साझा जिम्मेदारी है। उन्होंने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय से कार्य करते हुए सड़क सुरक्षा संबंधी निर्देशों की प्रभावी पालना सुनिश्चित करने के लिए कहा।
उन्होंने दोपहिया वाहन चालकों के लिए हेलमेट पहनना अनिवार्य कराने, ओवरस्पीड और रैश ड्राइविंग पर प्रभावी अंकुश लगाने तथा नवलगढ़ से ओजटू बाईपास मार्ग होते हुए चिड़ावा तक स्थित अवैध कटों को बंद करने के निर्देश दिए।
विभागों ने प्रस्तुत की प्रगति रिपोर्ट
बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने सड़क सुरक्षा से संबंधित कार्यों की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की। समिति ने सड़क सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से विभिन्न बिंदुओं पर आवश्यक सुझाव दिए तथा कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए।






