मंडावा। पुलिस थाना मंडावा में झूठा मुकदमा दर्ज करवाने के मामले में न्यायालय ने परिवादी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 500 रुपये का आर्थिक दंड लगाया है।
पुलिस के अनुसार, 12 फरवरी 2026 को वार्ड नंबर 16, मंडावा निवासी खालिद पुत्र जाफर ने रिपोर्ट दी थी।
रिपोर्ट में आरोप लगाया गया था कि वह गैस सिलेंडर भरवाने के लिए मोटरसाइकिल से बाजार स्थित दुकान पर जा रहा था। इसी दौरान भरत नामक व्यक्ति ने उसके साथ गाली-गलौच और अपशब्द कहे।
धारदार हथियार से हमला करने का लगाया था आरोप
परिवादी ने रिपोर्ट में बताया था कि भरत के साथ मौजूद अन्य लोगों ने उसके साथ मारपीट और धक्का-मुक्की की।
इसी दौरान एक व्यक्ति ने धारदार हथियार से उसके सिर पर वार कर चोट पहुंचाई और जान से मारने की धमकी दी।
पुलिस ने रिपोर्ट के आधार पर मामला दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया।
जांच में मामला झूठा पाया गया
पुलिस के अनुसार, अनुसंधान के दौरान मामला झूठा पाया गया। इसके बाद पुलिस ने प्रकरण में झूठ का नतीजा न्यायालय में पेश किया।
साथ ही परिवादी के खिलाफ धारा 217 बीएनएसएस के तहत इस्तगासा न्यायालय में पेश किया गया।
न्यायालय ने लगाया 500 रुपये का आर्थिक दंड
उक्त इस्तगासा पर न्यायिक मजिस्ट्रेट, झुंझुनूं ने 3 सितंबर 2026 को आदेश पारित किया।
न्यायालय ने झूठा मुकदमा दर्ज करवाने के मामले में परिवादी खालिद को 500 रुपये के आर्थिक दंड से दंडित किया।
