मुकुंदगढ़ थाना पुलिस ने न्यायालय कर्मी के साथ कथित मारपीट, धमकी देने और राजकार्य में बाधा डालने के मामले में वांछित आरोपी को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक कावेंद्र सिंह सागर (आईपीएस) के निर्देश, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (मुख्यालय) देवेंद्र सिंह राजावत के मार्गदर्शन तथा वृताधिकारी सुगन सिंह के सुपरविजन में गठित टीम द्वारा की गई।
प्रोसेस सर्वर ने दर्ज कराया था मामला
पुलिस के अनुसार, 17 जुलाई 2026 को नवलगढ़ स्थित वरिष्ठ सिविल न्यायाधीश एवं अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट न्यायालय में कार्यरत प्रोसेस सर्वर लीलाधर ने मुकुंदगढ़ थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
रिपोर्ट में बताया गया कि 16 जुलाई 2026 को वह न्यायालय के एक विचाराधीन मामले में तामील कराने के लिए ग्राम घोड़ीवारा कलां पहुंचे थे। वहां उन्होंने सरवर खान को अपना परिचय देकर न्यायालय की तामील लेने और प्राप्ति हस्ताक्षर करने के लिए कहा।
पुलिस के अनुसार, शिकायत में आरोप है कि पहले आरोपी ने तामील लेने की सहमति जताई, लेकिन बाद में फोन पर बातचीत करने के बाद हस्ताक्षर करने से इनकार कर दिया। आरोप है कि इसके बाद उसने तामील वापस छीनने का प्रयास किया तथा प्रोसेस सर्वर के साथ मारपीट, गाली-गलौज और धमकी दी। शिकायतकर्ता ने किसी तरह मौके से निकलकर अपनी जान बचाने की बात रिपोर्ट में कही।
तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर गिरफ्तारी
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने विशेष टीम का गठन कर आरोपी की तलाश शुरू की। पुलिस के अनुसार, तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर तंत्र की सहायता से आरोपी की पहचान कर उसे हिरासत में लिया गया।
अनुसंधान के दौरान आरोप प्रथम दृष्टया प्रमाणित पाए जाने पर पुलिस ने सरवर खान (55) निवासी घोड़ीवारा कलां, थाना मुकुंदगढ़, जिला झुंझुनूं को गिरफ्तार कर लिया।
अनुसंधान जारी
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ की जा रही है और मामले में आगे का अनुसंधान जारी है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी के विरुद्ध वर्ष 1997 का एक पूर्व आपराधिक प्रकरण भी दर्ज रहा है।






