नई दिल्ली। आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के मेधावी विद्यार्थियों के लिए केंद्र सरकार की नेशनल मीन्स कम मेरिट स्कॉलरशिप स्कीम (NMMS) से जुड़ी बड़ी अपडेट सामने आई है। शैक्षणिक वर्ष 2026-27 के लिए छात्रवृत्ति आवेदन की अंतिम तिथि बढ़ाकर 30 सितंबर 2026 कर दी गई है।
पात्र विद्यार्थी अब नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल के माध्यम से निर्धारित समय सीमा के भीतर आवेदन कर सकते हैं।
संस्थान और जिला स्तर पर सत्यापन की तारीख भी तय
आवेदन की समय सीमा बढ़ाने के साथ ही आवेदनों के सत्यापन की अंतिम तिथियां भी निर्धारित की गई हैं।
- आवेदन की अंतिम तिथि: 30 सितंबर 2026
- संस्थान स्तर पर प्रथम स्तर का सत्यापन: 15 अक्टूबर 2026
- जिला स्तर पर द्वितीय स्तर का सत्यापन: 31 अक्टूबर 2026
सरकार ने पात्र विद्यार्थियों से समय सीमा का इंतजार किए बिना आवेदन प्रक्रिया पूरी करने की अपील की है।
क्या है NMMS Scholarship Scheme?
नेशनल मीन्स कम मेरिट स्कॉलरशिप स्कीम का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को आठवीं कक्षा के बाद पढ़ाई छोड़ने से रोकना है। योजना के माध्यम से विद्यार्थियों को कक्षा 12वीं तक अपनी स्कूली शिक्षा जारी रखने के लिए आर्थिक सहायता दी जाती है।
इस योजना के तहत चयनित विद्यार्थियों को हर साल 12 हजार रुपए की छात्रवृत्ति दी जाती है। राशि सीधे विद्यार्थियों के बैंक खाते में भेजी जाती है।
हर साल दी जाती हैं एक लाख नई छात्रवृत्तियां
NMMS के तहत प्रत्येक वर्ष कक्षा 9वीं के विद्यार्थियों के लिए एक लाख नई छात्रवृत्तियां प्रदान की जाती हैं। विद्यार्थियों का चयन संबंधित राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों की ओर से आयोजित चयन परीक्षा के आधार पर किया जाता है।
चयनित विद्यार्थियों की छात्रवृत्ति का कक्षा 10वीं से 12वीं तक हर वर्ष नवीनीकरण किया जाता है। इसके लिए विद्यार्थियों का निर्धारित शैक्षणिक प्रदर्शन बनाए रखना जरूरी होता है।
किन विद्यार्थियों को मिलेगा लाभ?
NMMS छात्रवृत्ति का लाभ लेने के लिए विद्यार्थियों को निर्धारित पात्रता शर्तें पूरी करनी होंगी।
मुख्य पात्रता शर्तें:
- विद्यार्थी राज्य सरकार, सरकारी सहायता प्राप्त या स्थानीय निकाय के स्कूल में पढ़ रहा हो।
- विद्यार्थी के माता-पिता की वार्षिक आय 3.50 लाख रुपए से अधिक नहीं होनी चाहिए।
- चयन परीक्षा में शामिल होने के लिए कक्षा 8वीं में कम से कम 55 प्रतिशत अंक या समकक्ष ग्रेड होना जरूरी है।
- आरक्षित वर्ग के विद्यार्थियों के लिए निर्धारित नियमों के अनुसार अंक संबंधी छूट लागू हो सकती है।
छात्रों को 12 हजार रुपए सालाना छात्रवृत्ति
योजना के तहत चयनित विद्यार्थियों को प्रति वर्ष 12,000 रुपए की छात्रवृत्ति मिलती है। यह आर्थिक सहायता विद्यार्थियों को अपनी स्कूली शिक्षा जारी रखने में मदद करती है।
सरकार का लक्ष्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के ऐसे विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करना है, जो प्रतिभावान होने के बावजूद आर्थिक परिस्थितियों के कारण आठवीं के बाद पढ़ाई छोड़ने की स्थिति में आ सकते हैं।
30 सितंबर से पहले करें आवेदन
पात्र विद्यार्थियों को सलाह दी गई है कि वे 30 सितंबर 2026 की अंतिम तिथि से पहले अपना आवेदन नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल पर जमा कर दें। आवेदन के बाद संस्थान और जिला स्तर पर निर्धारित समय सीमा में सत्यापन की प्रक्रिया पूरी होगी।
जरूरी बात: आवेदन करते समय विद्यार्थी अपनी पात्रता, शैक्षणिक दस्तावेज और बैंक खाते से संबंधित जानकारी सावधानीपूर्वक जांच लें, ताकि सत्यापन के दौरान आवेदन में कोई परेशानी न हो।






