Information, figures, and context may have changed since the time of publication.
मां शाकंभरी कुटुंब परिवार द्वारा रामनवमी के उपलक्ष में निकाली निशान पदयात्रा
उदयपुरवाटी, कस्बे के गणेश मंदिर से शाकम्भरी तक 17 किलोमीटर निशान पदयात्रा निकाली गई । जानकारी के अनुसार गणेश मंदिर के पास चेजारा धर्मशाला में ब्रह्मकुमारी बीके सुनीता दीदी के सानिध्य में विधि विधान से निशानों की पूजा अर्चना हुई। पूजा अर्चना के बाद श्रद्धालुओं ने शक्तिपीठ शाकम्भरी माता के निशान हाथों में लेकर शाकंभरी माता के जयकारे लगाते हुए पदयात्रा शुरू की। पदयात्रा शाकम्भरी माता के जयकारों के साथ शहर के मुख्य मार्गों से होते हुए शाकम्भरी माता के दरबार में पहुँची। पदयात्रा का शहरवासियों ने जगह-जगह पुष्प वर्षा कर भव्य स्वागत किया। पदयात्रा में शामिल श्रद्धालुओं को रास्ते में प्रकाश आढ़तिया व राधे स्टेशनरी ग्रुप की ओर से जलपान व फल वितरित कर सेवा की । शाकम्भरी माता के दरबार में श्रद्धालुओं ने निशान अर्पित कर क्षेत्र में लोक शान्ति, समृद्धि व भाईचारे की कामना की। इस अवसर पर पदयात्रा के संयोजक मूलचंद सैनी ने कहा कि चैत्र नवरात्रि की समाप्ति पर रामनवमी के पर्व पर हर वर्ष पदयात्रा निकाली जाती है। इस दौरान पदयात्रा में अजय चौमाल चिड़ावा, ममता चौमाल चिड़ावा, कैलाश शर्मा चिड़ावा, कपीश चौमाल चिड़ावा, रामस्वरूप सैनी, रमाकांत मित्तल, देवेन्द्र शर्मा, सुनील तंवर, सरस्वती सैनी छापोली, नीलेश तंवर, द्वारका प्रसाद सैनी सहित सैकड़ों श्रद्धालु शामिल हुए।
