Information, figures, and context may have changed since the time of publication.
जल स्वावलंबन की ओर राजस्थान, प्रथम चरण डीपीआर के लिए हुए एमओयू के बाद शनिवार को खेतड़ीनगर, नवलगढ़ एवं कल्याणपुरा में होंगी मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की जन सभाएं
नीमकानाथा/झुंझुनूं, पिछले तीस वर्ष से लंबित मांग के बाद राजस्थान, हरियाणा एवं केंद्र सरकार के बीच हुए एमओयू से शेखावाटी अंचल में यमुना का पानी आने का रास्ता साफ हो गया है। इस एमओयू के बाद मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा शनिवार को खेतड़ी नगर, नवलगढ़ एवं कल्याणपुरा में जन सभाएं करेंगे। इस दौरान केंद्रीय जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत, राज्य के जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री कन्हैयालाल चौधरी, जन संसाधन मंत्री सुरेश सिंह रावत, नगरीय विकास एवं स्वायत्त शासन मंत्री झाबर सिंह खर्रा भी मौजूद रहेंगे। जल संसाधन मंत्री सुरेश सिंह रावत ने बताया कि केन्द्र सरकार, हरियाणा सरकार और राजस्थान सरकार के बीच हुए इस एमओयू के तहत ताजेवाला से प्रवाह प्रणाली के क्रम में डीपीआर बनाने पर सहमति बनी है। इस योजना के मूर्त रूप लेने के बाद राजस्थान को ताजेवाला हेड-वक्र्स से यमुना नदी का पानी मिल सकेगा और बारिश में व्यर्थ बह जाने वाले जल का भी समुचित उपयोग हो सकेगा। प्रोजेक्ट में भूमिगत पाइपलाइनों के माध्यम से यमुना नदी का पानी सीकर, चूरू, नीमकाथाना और झुंझुनू को उपलब्ध कराया जायेगा। उन्होंने कहा कि यह परियोजना दोनों राज्यों के लिए हितकारी साबित होगी। उन्होंने बताया कि योजना के धरातल पर उतरने के बाद राजस्थान को उसके हिस्से का पूरा पानी मिलेगा और शेखावाटी क्षेत्र की पेयजल समस्या का समाधान हो सकेगा। उल्लेखनीय है कि यमुना जल पर मई 1994 में संपादित समझौते के अनुसरण में राजस्थान को हरियाणा स्थित ताजेवाला हेड पर मानसून के दौरान 1917 क्यूसेक जल आवंटित है। वर्तमान में ताजेवाला हेड से राजस्थान को जल लाने हेतु कैरियर सिस्टम उपलब्ध नहीं है। राज्य द्वारा वर्ष 2003 में हरियाणा की नहरों को रिमाॅडलिंग कर राजस्थान में यह जल लाए जाने हेतु व पुनः वर्ष 2017 में भूमिगत प्रवाह प्रणाली के माध्यम से जल लाने हेतु हरियाणा सरकार को एमओयू भेजा गया जिस पर हरियाणा राज्य की सहमति प्राप्त नहीं हो सकी थी। पिछले 30 वर्षों के दौरान राजस्थान द्वारा लगातार इस मुद्दे को अपर यमुना रिव्यू कमिटी व अन्य अंतराज्यीय बैठकों में निरंतर रखा गया। अब मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और केन्द्रीय जलशक्ति मंत्री शेखावत के सम्मिलित प्रयासों से ताजेवाला हेड पर आवंटित जल के राजस्थान में पेयजल उपयोग हेतु प्रथम चरण की संयुक्त रूप से डीपीआर बनाने हेतु एमओयू हुआ है।
