जयपुर। राजस्थान पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी से जुड़े कुख्यात अपराधियों और नशा माफिया के खिलाफ बड़ी वित्तीय कार्रवाई की है। पुलिस के अनुसार NDPS एक्ट की धारा 68-F के तहत चलाए जा रहे विशेष अभियान में अब तक 73 करोड़ 64 लाख 64 हजार 948 रुपये की चल और अचल संपत्तियों को कुर्क, फ्रीज और सीज करने में सफलता मिली है।
पुलिस मुख्यालय के स्तर पर की जा रही लगातार मॉनिटरिंग के तहत नशे के कारोबार से अर्जित अथवा उससे जुड़ी संदिग्ध संपत्तियों को चिन्हित कर कार्रवाई की जा रही है।
38 मामलों में कुर्की के अंतिम आदेश
एएनटीएफ के आईजी विकास कुमार के अनुसार प्रदेश के अलग-अलग जिलों में आदतन और कुख्यात नशा तस्करों के खिलाफ 63 इस्तगासे तैयार कर सक्षम प्राधिकारी को भेजे गए थे।
इनमें से 38 इस्तगासों पर कुर्की और जब्ती के अंतिम आदेश सक्षम स्तर से स्वीकृत हो चुके हैं। वहीं 25 मामलों में कानूनी प्रक्रिया अंतिम चरण में है।
मकान, जमीन से लेकर गाड़ियों तक कार्रवाई
धारा 68-F के तहत पुलिस ने नशे के कारोबार से अर्जित या उससे जुड़ी संपत्तियों को कार्रवाई के दायरे में लिया है।
इनमें मकान, निर्माणाधीन दुकानें, कृषि भूमि, आवासीय भूखंड, कार, पिकअप, ट्रैक्टर और मोटरसाइकिल जैसी चल-अचल संपत्तियां शामिल हैं।
पुलिस का फोकस केवल तस्करों की गिरफ्तारी तक सीमित नहीं है, बल्कि नशीले पदार्थों के कारोबार से जुड़े आर्थिक नेटवर्क को तोड़ने पर भी है।
चित्तौड़गढ़ में 20.35 करोड़ की संपत्तियों पर कार्रवाई
चित्तौड़गढ़ जिले में 68-F के तहत सबसे बड़ी कार्रवाई की गई है। यहां स्वीकृत इस्तगासों के तहत कुल 20 करोड़ 35 लाख 40 हजार 783 रुपये की संपत्तियां सीज की गई हैं।
इसमें गंगरार निवासी राहुल बंजारा की 18.79 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति शामिल है। इसके अलावा कमलेश गुर्जर, बाल किशन धाकड़, रामेश्वर लाल अहीर, मोहम्मद उस्मान, रतनलाल जाट और सुरेश चंद्र जाट की चल-अचल संपत्तियों की कुर्की भी स्वीकृत की गई है।
बारां में 18.48 करोड़ की संपत्ति फ्रीज
बारां जिले में भी पुलिस ने नशा तस्करों की कथित अवैध कमाई से जुड़ी संपत्तियों पर कार्रवाई की है।
यहां विभिन्न मामलों में करीब 18.48 करोड़ रुपये की संपत्तियां फ्रीज की गई हैं। राजाराम मीणा व रामगोपाल, दिनेश मीणा व सुरेंद्र, किशोर कुमार, बीरमचंद तथा विशाल सांसी व बल्लू सांसी से जुड़े मामलों के इस्तगासे सक्षम प्राधिकारी से स्वीकृत हो चुके हैं।
झालावाड़ में 12.65 करोड़ की संपत्तियों पर शिकंजा
झालावाड़ जिले में 9 आरोपियों की संपत्तियों की जब्ती स्वीकृत की गई है। इनकी कुल कीमत करीब 12.65 करोड़ रुपये बताई गई है।
इन मामलों में बबलू तंवर, नरेंद्र सिंह, मोहन लाल तंवर, सुगनचंद तंवर, गनी मोहम्मद, पांचूलाल मीणा, दिनेश सिंह, प्रभूलाल तंवर और रामलाल तंवर की संपत्तियां शामिल हैं।
प्रतापगढ़ में 8.24 करोड़ की संपत्तियां कार्रवाई के दायरे में
प्रतापगढ़ जिले में भी 68-F के तहत बड़ी कार्रवाई हुई है। सक्षम प्राधिकारी से स्वीकृत मामलों में करीब 8.24 करोड़ रुपये की संपत्तियों की कुर्की पर मुहर लगी है।
इनमें मकान, पोल्ट्री फार्म और वाहन समेत कई संपत्तियां शामिल हैं। शाहजेब उर्फ बल्ला, भुरालाल लबाना, शेफुल्ला शेख, असद इकबाल, नारायण मीणा, अकबर खान, शाहरुख खान, दिलावर खान और नऊम खान से जुड़े मामले इसमें शामिल हैं।
नागौर, जोधपुर ग्रामीण और हनुमानगढ़ में भी कार्रवाई
नागौर में भोपालराम विश्नोई के दो मकान, दुकान और वाहनों सहित 1.14 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति की कुर्की स्वीकृत हुई है।
जोधपुर ग्रामीण में अनिल विश्नोई की 26 बीघा जमीन और दो वाहनों, कुल करीब 1.10 करोड़ रुपये की संपत्ति की जब्ती स्वीकृत की गई है।
वहीं हनुमानगढ़ में स्वराज उर्फ शिवराज की करीब 81.61 लाख रुपये की संपत्ति सीज की गई है।
जालौर, उदयपुर, भीलवाड़ा और जोधपुर पूर्व में भी एक्शन
जालौर में धोलाराम उर्फ धरिंद्र कुमार और राकेश कुमार विश्नोई की संपत्तियों पर कार्रवाई स्वीकृत हुई है।
उदयपुर में विपिन गिरी गोस्वामी की 26 लाख रुपये की संपत्ति, भीलवाड़ा में लाभचंद उर्फ लाभू धाकड़ की 50 लाख रुपये मूल्य की भूमि व ट्रैक्टर तथा जोधपुर पूर्व में रमेश विश्नोई की 15 लाख रुपये की स्कॉर्पियो की कुर्की के आदेश स्वीकृत हो चुके हैं।
डीजीपी की सख्त चेतावनी
महानिदेशक पुलिस राजीव कुमार शर्मा ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि मादक पदार्थों के कारोबार में लिप्त अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रखी जाए।
डीजीपी ने कहा कि नशीली दवाओं की कमाई से बनाई गई संपत्तियों पर कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। पुलिस का लक्ष्य तस्करों के वित्तीय नेटवर्क और उनकी आर्थिक ताकत को कमजोर करना है।
उन्होंने आमजन से भी अपील की कि आसपास होने वाले नशे के अवैध कारोबार की सूचना पुलिस को दें, ताकि नशा मुक्त राजस्थान के अभियान को प्रभावी बनाया जा सके।
नशा तस्करों की कुंडली खंगाल रही एएनटीएफ
एएनटीएफ आईजी विकास कुमार ने बताया कि नशा तस्करों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। एएनटीएफ तस्करों की आपराधिक और आर्थिक गतिविधियों की जानकारी जुटाकर सूची तैयार कर रही है और संबंधित जिला पुलिस अधीक्षकों को कार्रवाई के निर्देश दिए जा रहे हैं।
व्यापारिक प्रकृति के मामलों में भी कार्रवाई की जा रही है। इसके साथ ही प्रत्येक जिले में नशे के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई के लिए एसपी कार्यालय में विशेष शाखा गठित करने की प्रक्रिया भी की जा रही है।
एक नजर में
- कुल कार्रवाई: 73.64 करोड़ रुपये की संपत्तियां
- कानूनी आधार: NDPS एक्ट की धारा 68-F
- कुल इस्तगासे: 63
- अंतिम आदेश स्वीकृत: 38
- कानूनी प्रक्रिया में: 25 मामले
- सबसे बड़ी जिला कार्रवाई: चित्तौड़गढ़
- चित्तौड़गढ़: 20.35 करोड़ रुपये
- बारां: 18.48 करोड़ रुपये
- झालावाड़: 12.65 करोड़ रुपये
- प्रतापगढ़: 8.24 करोड़ रुपये






