राजस्थान में शुद्ध आहार–मिलावट पर वार अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा विभाग ने शनिवार को प्रदेशभर में कार्रवाई की। जयपुर में 6900 लीटर संदिग्ध मूंगफली तेल सीज किया गया।
वहीं विभिन्न जिलों में करीब 1150 किलो/लीटर दूषित और अमानक खाद्य सामग्री नष्ट कराई गई। अभियान के दौरान 60 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर 101 नमूने लिए गए।
जयपुर में 6900 लीटर संदिग्ध मूंगफली तेल सीज
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण विभाग की केंद्रीय टीम ने गोविंद नगर स्थित मैसर्स श्री श्याम वेजिटेबल का औचक निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान ‘कुंदन पोस्टमैन’ ब्रांड के रिफाइंड और फिल्टर मूंगफली तेल के नमूने लिए गए। बाजार भाव से काफी कम कीमत पर तेल बिकने के कारण टीम को मिलावट की आशंका हुई।
इसके बाद करीब 6900 लीटर संदिग्ध मूंगफली तेल सीज कर दिया गया। लिए गए नमूनों को जांच के लिए राज्य केंद्रीय खाद्य प्रयोगशाला भेजा जा रहा है।
60 प्रतिष्ठानों से लिए गए 101 नमूने
अभियान के तहत प्रदेशभर में खाद्य सुरक्षा टीमों ने 60 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया।
इस दौरान कुल 101 नमूने लिए गए। इनमें 54 प्रवर्तन नमूने और 47 निगरानी नमूने शामिल हैं।
विभाग के अनुसार प्रयोगशाला जांच रिपोर्ट आने के बाद खाद्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन की पुष्टि होने पर संबंधित कारोबारियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
1150 किलो/लीटर अमानक खाद्य सामग्री नष्ट
अभियान के दौरान विभिन्न जिलों में करीब 1150 किलो/लीटर संदिग्ध, दूषित और अमानक खाद्य सामग्री नष्ट कराई गई।
उदयपुर में 600 लीटर संदिग्ध दूध नष्ट
उदयपुर में 600 लीटर संदिग्ध एवं दूषित दूध नष्ट कराया गया। खाद्य सुरक्षा टीमों ने जांच के दौरान दूध की गुणवत्ता को लेकर कार्रवाई की।
265 किलो दूषित मिठाइयां नष्ट
जयपुर द्वितीय, सीकर, सिरोही, करौली, पाली, अजमेर, हनुमानगढ़ और अलवर में कुल 265 किलो दूषित एवं बासी मिठाइयां नष्ट कराई गईं।
मावा और दुग्ध उत्पाद भी कार्रवाई की जद में
पाली, खैरथल-तिजारा, भीलवाड़ा और अजमेर में कुल 148 किलो दुग्ध उत्पाद एवं मावा नष्ट कराया गया।
इसके अलावा बीकानेर में 65 किलो संदिग्ध घी और खाद्य तेल नष्ट किया गया।
अजमेर, बाड़मेर, हनुमानगढ़ और जोधपुर में भी कुल 72 किलो अन्य खाद्य सामग्री नष्ट कराई गई।
मिलावटखोरों पर होगी सख्त कार्रवाई
प्रमुख शासन सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य गायत्री राठौड़ ने कहा कि जनस्वास्थ्य के साथ किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाएगा। खाद्य पदार्थों में मिलावट और खाद्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
खाद्य सुरक्षा आयुक्त डॉ. टी. शुभमंगला के अनुसार प्रयोगशाला जांच रिपोर्ट मिलने के बाद दोषी पाए जाने वाले व्यापारियों और मिलावटखोरों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
सीकर में भी बासी मिठाइयों पर कार्रवाई
अभियान की कार्रवाई में सीकर भी शामिल रहा। जिले में खाद्य सुरक्षा टीम ने बासी एवं दूषित मिठाइयों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उन्हें नष्ट कराया।
त्योहारी सीजन और बढ़ती खाद्य बिक्री को देखते हुए विभाग ने साफ किया है कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और मिलावट को लेकर प्रदेशभर में निरीक्षण अभियान आगे भी जारी रहेगा।






