सीकर। करगिल विजय दिवस के अवसर पर रविवार को सीकर स्थित शहीद स्मारक पर श्रद्धांजलि समारोह आयोजित किया गया। इस दौरान कारगिल युद्ध के अमर शहीदों को पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी गई तथा कारगिल शहीदों की वीरांगनाओं को शॉल और प्रतीक चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।
शेखावाटी के 33 वीर सपूतों के बलिदान को किया याद
करगिल विजय के 27 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में वर्ष 1999 के कारगिल युद्ध में मातृभूमि की रक्षा करते हुए सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर सैनिकों को याद किया गया। वक्ताओं ने बताया कि इस युद्ध में देश के 527 जवान शहीद हुए थे, जिनमें शेखावाटी अंचल के 33 वीर सपूत शामिल थे। इनमें झुंझुनूं के 19, जबकि सीकर और चूरू के 7-7 जवानों ने देश की रक्षा करते हुए अपने प्राण न्योछावर किए।
देशभक्ति के जयघोष से गूंजा शहीद स्मारक
श्रद्धांजलि कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, पूर्व सैनिकों और गणमान्य नागरिकों ने शहीद स्मारक पर पुष्पचक्र अर्पित कर वीर जवानों को नमन किया। इस दौरान “भारत माता की जय” और “शहीद अमर रहें” के जयघोष से पूरा वातावरण देशभक्ति के रंग में रंग गया।
वीर सैनिकों का बलिदान हमेशा रहेगा प्रेरणा
सभा को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि कारगिल युद्ध के वीर सैनिकों का साहस, त्याग और राष्ट्रभक्ति आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने कहा कि देश की रक्षा के लिए दिए गए उनके सर्वोच्च बलिदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता।
जनप्रतिनिधि और पूर्व सैनिक रहे मौजूद
कार्यक्रम में कर्नल जगदेव सिंह, कैप्टन रामदेव सिंह बिजारणियां, लेफ्टिनेंट रमेश्वर सिंह बुरड़क, सीकर विधायक राजेंद्र पारीक, सूबेदार अशोक सिंह, ब्रह्मकुमारी संस्थान सीकर की सदस्याएं, पूर्व सैनिक तथा बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ। उपस्थित सभी लोगों ने देश की रक्षा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर सैनिकों के प्रति अपनी कृतज्ञता व्यक्त करते हुए उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित की।






