रींगस से 20–22 किमी सफर के बाद भी मिल रहे सुगम दर्शन
सीकर, प्रसिद्ध खाटू श्याम मंदिर में चल रहे फाल्गुनी मेले के दौरान इस बार प्रशासन की व्यवस्थाओं की सराहना हो रही है।
श्रद्धालुओं को सुगम और शीघ्र दर्शन मिल रहे हैं, जिससे भक्तों में संतोष है।
रींगस से 17 किमी पैदल सफर
मेला मजिस्ट्रेट एवं दांतारामगढ़ एसडीएम मोनिका सामोर ने बताया कि
- रींगस से पैदल आने वाले श्रद्धालुओं को लगभग 17 किलोमीटर का सफर तय करना पड़ता है।
- खाटू में मंदिर परिसर तक अधिकतम 3–4 किलोमीटर अतिरिक्त मार्ग तय करना पड़ रहा है।
इस प्रकार कुल मिलाकर श्रद्धालु 20–22 किलोमीटर की यात्रा के बाद आसानी से दर्शन कर पा रहे हैं।
एकादशी-द्वादशी पर बढ़ सकता है रूट
अधिकारियों के अनुसार,
एकादशी और द्वादशी के दिन भीड़ अधिक होने के कारण रूट की लंबाई बढ़कर 26–28 किलोमीटर तक हो सकती है।
प्रशासन ने भीड़ प्रबंधन, सुरक्षा, पेयजल, चिकित्सा एवं यातायात व्यवस्था को लेकर विशेष इंतजाम किए हैं।
अफवाहों से रहें सावधान
मेला मजिस्ट्रेट ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि
“अफवाहों और भ्रामक दावों पर ध्यान न दें। केवल प्रशासन द्वारा जारी आधिकारिक सूचना पर ही भरोसा करें।”
उन्होंने कहा कि प्रशासन का लक्ष्य है कि सभी श्याम भक्तों को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित दर्शन मिलें।
क्यों खास है फाल्गुनी मेला?
फाल्गुन माह में आयोजित यह मेला देशभर से लाखों श्रद्धालुओं को आकर्षित करता है।
हर वर्ष सीकर जिले की अर्थव्यवस्था और धार्मिक पर्यटन को इससे बड़ा लाभ मिलता है।
