सीकर जिले की ग्राम पंचायत ठीकरिया में आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर के दौरान वर्षों से लंबित एक रास्ता विवाद का मौके पर ही समाधान कर दिया गया। प्रशासन की पहल और दोनों पक्षों की सहमति से बंद पड़ा मार्ग दोबारा खुल गया, जिससे ग्रामीणों को आवागमन में राहत मिली।
यह रास्ता खसरा नंबर 960, 961, 962, 968, 969 एवं 971 से संबंधित था, जो लंबे समय से विवाद के कारण अवरुद्ध था।
वर्षों से प्रभावित था ग्रामीणों का आवागमन
स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार रास्ता बंद होने के कारण लोगों को आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। विवाद के चलते समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा था और मामला लंबे समय से लंबित था।
ग्रामीण सेवा शिविर में इस मामले को प्राथमिकता से उठाया गया।
समझाइश से निकला समाधान
शिविर के दौरान भू-अभिलेख निरीक्षक सुरेश कुमार बलोदा ने दोनों पक्षों को मौके पर बुलाकर समझाइश की। उन्होंने आपसी संवाद और सहमति के माध्यम से विवाद का समाधान निकालने का प्रयास किया।
प्रशासनिक पहल के बाद दोनों पक्ष रास्ता खोलने पर सहमत हो गए।
बंद मार्ग खुलने से मिली राहत
सहमति बनने के बाद बंद रास्ते को खुलवा दिया गया, जिससे ग्रामीणों का आवागमन फिर से सुचारू हो गया। लंबे समय से चली आ रही आपसी तनातनी भी समाप्त हो गई।
ग्रामीणों ने इस पहल को सकारात्मक बताते हुए प्रशासन और राज्य सरकार का आभार व्यक्त किया।
ग्रामीण सेवा शिविरों से मिल रहा त्वरित समाधान
प्रशासन का कहना है कि ग्रामीण सेवा शिविरों का उद्देश्य आमजन की समस्याओं का त्वरित समाधान करना है। ऐसे शिविरों के माध्यम से राजस्व, पंचायत और अन्य विभागों से जुड़े मामलों का मौके पर निस्तारण किया जा रहा है।






