जतिन सोनी हत्याकांड और डकैती ने बुरी तरह से तोड़ डाला था ज्वैलर्स परिवार को
झुंझुनूं शहर के माननगर स्थित न्यू प्रकाश ज्वैलर्स डकैती और जतिन सोनी हत्याकांड में छह साल बाद अदालत ने फैसला सुनाया। अपर सेशन न्यायाधीश संख्या-2 कालूराम ने दीपक पहल, योगेश कुमार, विनोद कुमार, अंकित कुमार उर्फ मीठू और प्रताप सिंह को दोषी मानते हुए सभी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
वहीं आरोपी प्रमोद कुमार उर्फ धोलिया को साक्ष्यों के अभाव में अदालत ने बरी कर दिया।अदालत ने दीपक पहल, योगेश कुमार और विनोद कुमार पर 1.26 लाख रुपए प्रत्येक का जुर्माना लगाया।वहीं अंकित कुमार उर्फ मीठू और प्रताप सिंह पर 1.32 लाख रुपए प्रत्येक का जुर्माना लगाया गया।
अदालत ने मूल सजाओं को साथ-साथ चलाने के आदेश दिए हैं।मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से अदालत के समक्ष 39 गवाह और 210 दस्तावेज पेश किए गए।अभियोजन पक्ष की ओर से अपर लोक अभियोजक नंदकिशोर शर्मा ने पैरवी की।यह वारदात 15 सितंबर 2019 को दोपहर करीब 2:37 बजे हुई थी। हथियारबंद बदमाश न्यू प्रकाश ज्वैलर्स के शोरूम में घुसे और लाखों रुपए के आभूषण लूट लिए।वारदात के बाद भागते समय बदमाशों ने ज्वैलर जतिन सोनी को गोली मार दी।
गोली लगने के बाद जतिन सोनी का उपचार करीब 25 दिन तक चला। उपचार के दौरान 9 अक्टूबर 2019 को जयपुर में उनकी मौत हो गई।मामले की जांच तत्कालीन कोतवाली थाना प्रभारी और वर्तमान सिटी डीएसपी गोपाल सिंह ढाका के नेतृत्व में हुई।पुलिस ने तकनीकी जांच, मुखबिर तंत्र और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों तक पहुंच बनाई।
पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी योगेश चारणवासी वारदात के दौरान अपना पहचान पत्र दुकान पर छोड़ गया था। इसके बावजूद वह करीब पांच महीने तक फरार रहा।पुलिस ने उसे फरवरी 2020 में बीकानेर से गिरफ्तार किया था।
न्यू प्रकाश ज्वैलर्स डकैती और जतिन सोनी हत्याकांड की वारदात के करीब छह साल बाद अदालत ने मामले में फैसला सुनाया है। पांच आरोपियों को दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा दी गई, जबकि प्रमोद कुमार उर्फ धोलिया को साक्ष्यों के अभाव में बरी किया गया। ब्यूरो रिपोर्ट झुंझुनू






