हेलीकॉप्टर से एयरलिफ्ट कराने की मांग
उदयपुरवाटी, ‘मिनी हरिद्वार’ के नाम से प्रसिद्ध लोहार्गल धाम स्थित बरखंडी बाबा मंदिर के लापता महंत संत सूरजदास महाराज (80) का शव पहाड़ियों की गहरी तलहटी में मिला है।
संत के लापता होने के बाद से शिष्यों और पुलिस की ओर से लगातार तलाश की जा रही थी। इसी दौरान मंदिर से कुछ दूरी पर पहाड़ी की तलहटी में उनका शव बरामद हुआ।शव मिलने की सूचना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है।पुलिस में दर्ज रिपोर्ट के अनुसार संत सूरजदास महाराज मूल रूप से सिंगोद कला, थाना गोविंदगढ़, जिला जयपुर के रहने वाले थे।वे पिछले 32 वर्षों से बरखंडी बाबा मंदिर में पूजा-पाठ और सेवा कार्य कर रहे थे।
संत 26 सितंबर 2026 की शाम से मंदिर से लापता थे। 27 सितंबर की सुबह श्रद्धालु मंदिर पहुंचे तो महाराज वहां नहीं मिले। इसके बाद उनके शिष्य शंकर दयाल गुर्जर को सूचना दी गई।काफी तलाश के बाद शिष्य ने गोठड़ा पुलिस थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
संत के लापता होने के बाद पुलिस प्रशासन के साथ शिष्य और स्थानीय लोग भी उनकी तलाश में पहाड़ी क्षेत्र में निकल पड़े थे।तलाश अभियान के दौरान टीमें पहाड़ी क्षेत्र में आगे बढ़ती गईं। इसी दौरान पहाड़ी की तलहटी में संत का शव मिला।बागोरियां की ढाणी के ग्राम पंचायत प्रशासक राजेंद्र सैनी ने बताया कि शव करीब तीन दिन पुराना होने के कारण क्षत-विक्षत स्थिति में है।जिस जगह शव मिला है, वह बेहद खड़ी और दुर्गम पहाड़ी है। ऐसे में शव को पैदल नीचे लाना बेहद मुश्किल बताया जा रहा है।संत सूरजदास महाराज के शव को सम्मानपूर्वक नीचे लाकर अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी कराने के लिए ग्राम पंचायत प्रशासक राजेंद्र सैनी और स्थानीय निवासियों ने जिला प्रशासन से हेलीकॉप्टर की व्यवस्था कराने की मांग की है।स्थानीय लोगों का कहना है कि दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र को देखते हुए शव को एयरलिफ्ट कर सुरक्षित नीचे लाना जरूरी है। अब प्रशासन की ओर से शव को दुर्गम पहाड़ी से नीचे लाने के लिए आवश्यक रेस्क्यू व्यवस्था किए जाने का इंतजार है।






