भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने देश के कई राज्यों में अगले कुछ दिनों तक हल्की से भारी बारिश और तेज हवाओं की चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार, पूर्वोत्तर भारत और हिमालयी क्षेत्रों में बारिश की गतिविधियां तेज रहेंगी, जबकि राजस्थान में मानसून का स्वरूप बदलने के संकेत हैं।
आईएमडी के अनुसार, कई क्षेत्रों में 30 से 75 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। पहाड़ी राज्यों में भारी बारिश के चलते भूस्खलन की आशंका भी जताई गई है।
इन राज्यों में बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, हरियाणा, पंजाब, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, बिहार, झारखंड, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, सिक्किम, अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में हल्की से लेकर भारी बारिश की संभावना जताई है।
वहीं, दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में बारिश की गतिविधियों में कमी आने के संकेत हैं, हालांकि तटीय और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में अगले दो दिनों तक कहीं-कहीं भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है।
राजस्थान में बदलेगा बारिश का पैटर्न
मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर के अनुसार, राजस्थान के ऊपर सक्रिय मौसम तंत्र अभी प्रभावी है, लेकिन मानसून ट्रफ के उत्तर की ओर खिसकने से आज से बारिश का स्वरूप बदलने लगेगा।
दक्षिण-पश्चिम राजस्थान के जोधपुर, जैसलमेर, बाड़मेर, बालोतरा, जालौर, सिरोही, सांचौर, उदयपुर और कोटा संभाग में वर्षा की गतिविधियों में धीरे-धीरे कमी आने की संभावना है।
हालांकि बीकानेर, चूरू, नागौर, डीडवाना-कुचामन, सीकर, झुंझुनूं, जयपुर, दौसा, अलवर, भरतपुर और अजमेर के कई इलाकों में 3 से 5 अगस्त के बीच रुक-रुक कर हल्की से मध्यम बारिश जारी रह सकती है।
मौसम तंत्र अब भी सक्रिय
मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम राजस्थान के ऊपर बना लो प्रेशर एरिया अभी भी सक्रिय है। इससे जुड़ा चक्रवाती परिसंचरण समुद्र तल से लगभग 5.8 किलोमीटर तक फैला हुआ है।
इसके अलावा मानसून ट्रफ सीकर, हमीरपुर, डेहरी, पूर्णिया होते हुए मणिपुर तक सक्रिय है। वहीं उत्तराखंड के ऊपर चक्रवाती परिसंचरण और 4 अगस्त से उत्तर-पश्चिम भारत में एक नए पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने की संभावना भी जताई गई है।
प्रशासन और मौसम विभाग ने किसानों तथा आमजन से मौसम के ताजा अपडेट पर नजर रखने और आवश्यक सावधानी बरतने की अपील की है।






