राजस्थान में मानसून एक बार फिर सक्रिय है और 10 अगस्त को प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है। मौसम विभाग ने पूर्वी राजस्थान के कई जिलों में भारी बारिश, मेघगर्जन, वज्रपात और तेज हवाओं को लेकर चेतावनी जारी की है। पश्चिमी राजस्थान के लिए भी आंधी-बारिश और गरज के साथ मौसम खराब रहने का पूर्वानुमान है।
मौसम विभाग के अनुसार 10 अगस्त को पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में गरज-चमक के साथ बारिश की गतिविधियां बनी रह सकती हैं। वहीं जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में भी अगले कुछ दिनों के दौरान भारी बारिश की संभावना जताई गई है।
7 जिलों में भारी बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट
मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर के अनुसार बारां, बूंदी, चित्तौड़गढ़, झालावाड़, करौली, कोटा और सवाई माधोपुर में भारी बारिश की संभावना है।
इन जिलों में बारिश के साथ मेघगर्जन, वज्रपात और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चल सकती हैं। मौसम विभाग ने इन क्षेत्रों के लिए ऑरेंज श्रेणी की चेतावनी जारी की है।
इन जिलों में येलो अलर्ट
पूर्वी राजस्थान के अजमेर, अलवर, बांसवाड़ा, ब्यावर, भरतपुर, भीलवाड़ा, दौसा, डीग, धौलपुर, डूंगरपुर, जयपुर, झुंझुनूं, खैरथल-तिजारा, कोटपूतली-बहरोड़, सीकर, सिरोही, टोंक, उदयपुर, प्रतापगढ़, राजसमंद और सलूम्बर में मेघगर्जन और वज्रपात के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है।
इन जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है।
पश्चिमी राजस्थान में भी मौसम बिगड़ने के आसार
पश्चिमी राजस्थान के बालोतरा, बीकानेर, चूरू, डीडवाना-कुचामन, हनुमानगढ़, जोधपुर, नागौर, पाली और श्रीगंगानगर में भी मेघगर्जन, वज्रपात और तेज हवाओं को लेकर चेतावनी है।
मौसम विभाग के अनुसार मानसून ट्रफ और मौसमी प्रणालियों की सक्रियता के कारण राजस्थान में मानसूनी गतिविधियां बनी हुई हैं। विभाग की ताजा चेतावनी में 10 अगस्त को राजस्थान में गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना दर्ज की गई है।
उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों में भी भारी बारिश का अलर्ट
राजस्थान के अलावा जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में 10 से 13 अगस्त, जबकि हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 10 से 15 अगस्त के बीच भारी बारिश की संभावना बताई गई है। उत्तराखंड में कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी भी जारी की गई है।
ऐसे में पहाड़ी क्षेत्रों में रहने वाले लोगों और यात्रा करने वालों को स्थानीय प्रशासन तथा मौसम विभाग की ताजा चेतावनियों पर नजर रखने की सलाह दी गई है।






