करियर गाइडेंस को मिलेगी नई उड़ान, डाइट चूरू में तैयार हुई आधुनिक जागरूकता सामग्री
चूरू। राजस्थान राज्य शैक्षिक एवं अनुसंधान परिषद, उदयपुर के निर्देशन में जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाइट), चूरू के कार्यानुभव प्रभाग की ओर से आयोजित चार दिवसीय करियर गाइडेंस हेतु सूचना, शिक्षा एवं संचार (आईईसी) सामग्री निर्माण कार्यशाला का समापन हुआ। कार्यशाला का उद्देश्य विद्यार्थियों तक करियर संबंधी प्रमाणिक, सरल और आकर्षक जानकारी पहुंचाने के लिए स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप नवाचारपूर्ण आईईसी सामग्री तैयार करना था।
विद्यार्थियों को सही करियर चुनने में मिलेगी मदद
समापन अवसर पर डाइट प्राचार्य देवकरण सिंह ने कहा कि आज के समय में करियर मार्गदर्शन केवल जानकारी देने तक सीमित नहीं है, बल्कि विद्यार्थियों में सही निर्णय लेने की क्षमता विकसित करना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। उन्होंने विश्वास जताया कि कार्यशाला में तैयार की गई सामग्री विद्यालयों में करियर जागरूकता को नई दिशा देगी और विद्यार्थियों को उनकी रुचि एवं क्षमता के अनुरूप करियर चुनने के लिए प्रेरित करेगी।
पोस्टर से लेकर क्यूआर कोड आधारित सामग्री तक हुई तैयार
कार्यानुभव प्रभागाध्यक्ष उमा सारस्वत ने कहा कि किसी भी आईईसी सामग्री की सफलता उसकी स्थानीय प्रासंगिकता, सरल भाषा, आकर्षक प्रस्तुति और व्यवहार परिवर्तन की क्षमता पर निर्भर करती है।
राज्य संदर्भ व्यक्ति एवं प्राचार्य सुनील कुमार शर्मा ने प्रतिभागियों को राजस्थान करियर गाइडेंस कार्यक्रम, राजस्थान करियर पोर्टल, जॉब कार्ड, डिजिटल करियर संसाधनों तथा प्रभावी आईईसी सामग्री निर्माण की आधुनिक तकनीकों का प्रशिक्षण दिया। उनके मार्गदर्शन में पोस्टर, ब्रोशर, इन्फोग्राफिक्स, सोशल मीडिया क्रिएटिव, वीडियो स्क्रिप्ट, स्टोरीबोर्ड, क्यूआर कोड आधारित सामग्री तथा व्यवहार परिवर्तन पर आधारित संचार सामग्री तैयार की गई।
नवाचार और गुणवत्ता पर दिया गया जोर
ईटी प्रभागाध्यक्ष नरेंद्र उपाध्याय ने प्रतिभागियों द्वारा तैयार सामग्री की समीक्षा करते हुए उसकी गुणवत्ता, नवाचार और उपयोगिता की सराहना की। उन्होंने विद्यालयों में इन संसाधनों के प्रभावी उपयोग पर बल दिया।
कार्यक्रम में सीएमडीई प्रभागाध्यक्ष कुसुम शेखावत और ओमप्रकाश बारूपाल ने भी प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया। कार्यशाला को सफल बनाने में तकनीकी विशेषज्ञ गौरव शर्मा, दिनेश, अतुल, ओमप्रकाश, प्रमोद, संगीता शर्मा, शारदा, तारा लक्ष्मी, हितेश और सुभाष कुमार ने सहयोगी भूमिका निभाई।






