राजकीय लोहिया महाविद्यालय, चूरू के बाहर सोमवार दोपहर पूर्व छात्रसंघ महासचिव पुलकित चौधरी के नेतृत्व में छात्रसंघ चुनाव कराने और राजस्थानी भाषा को संवैधानिक मान्यता देने की मांग को लेकर आमरण अनशन शुरू किया गया। अनशन पर पुलकित चौधरी के साथ छात्र प्रतिनिधि सुरेंद्र बरोड़ भी बैठे।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि उनकी मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा।
छात्रसंघ चुनाव कराने की उठाई मांग
पुलकित चौधरी ने कहा कि छात्रसंघ चुनाव विद्यार्थियों का अधिकार है और इस संबंध में लंबे समय से सरकार का ध्यान आकर्षित करने का प्रयास किया जा रहा है। उनका आरोप है कि मांगों पर अब तक कोई निर्णय नहीं लिया गया, जिसके चलते आमरण अनशन का निर्णय लिया गया।
उन्होंने कहा कि मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा।
राजस्थानी भाषा को संवैधानिक मान्यता की भी मांग
अनशन के दौरान प्रदर्शनकारियों ने राजस्थानी भाषा को संवैधानिक मान्यता देने की मांग भी उठाई। छात्र प्रतिनिधि सुरेंद्र बरोड़ ने कहा कि छात्रसंघ चुनाव लोकतांत्रिक प्रक्रिया का हिस्सा हैं और इन्हें आयोजित किया जाना चाहिए।
उन्होंने सरकार से दोनों मांगों पर सकारात्मक निर्णय लेने की अपील की।
छात्र प्रतिनिधि रहे मौजूद
आंदोलन के दौरान अमन चौधरी, अनिल बुडानिया, सूफियान डीके, अंकित प्रधान, राकेश सूरतपुरा, आलोक खारड़िया, सूफियान झारिया, राहुल डगला, मुदसिर खान, अमित मेहरा, अंकित गेट, अमित शर्मा, शहीद खान, जाहिद खान, तौफीक खान, अरबाज खान, रेहान मलिक, मेहरान, नवीन सैनी, आदित्य मील और मंजीत चौधरी सहित कई छात्र प्रतिनिधि मौजूद रहे।






