सीकर में संपत्ति से जुड़े दो अलग-अलग मामलों ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। एक ओर प्लॉट बुकिंग के बहाने बुलाकर बदमाशों ने एक व्यक्ति से 5 लाख रुपये लूट लिए, वहीं दूसरी ओर नेछवा थाना पुलिस ने तहसीलदार के फर्जी हस्ताक्षर और मुहर लगाकर जमीन की रजिस्ट्री करने के मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार किया है।
दोनों मामलों में पुलिस ने अलग-अलग प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
प्लॉट बुकिंग के नाम पर 5 लाख रुपये लूटे
डूकिया के मूल निवासी ओमप्रकाश जाट, जो वर्तमान में पालवास चौराहे के पास किराये के मकान में रहते हैं, ने सदर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि पड़ोसी आदित्य के फोन पर उन्हें पालवास रोड स्थित एक प्लॉट की जानकारी दी गई, जिसे तत्काल बेचा जाना था।
शिकायत के अनुसार 30 जून को योगेश पुत्र महेंद्र वर्मा निवासी कूदन और नरेंद्र भामू उनके फ्लैट पर पहुंचे तथा प्लॉट की बुकिंग के लिए 5 लाख रुपये साथ लाने को कहा। इसके बाद वे पालवास चौराहे पहुंचे, जहां पहले से एक अन्य वाहन खड़ा था।
ओमप्रकाश के अनुसार जैसे ही वह दूसरी गाड़ी की ओर बुकिंग राशि लेकर बढ़े, आरोपियों ने रुपयों से भरा बैग छीन लिया और मौके से फरार हो गए।
सदर थाना पुलिस ने पीड़ित की शिकायत पर योगेश और नरेंद्र के खिलाफ नामजद मामला दर्ज कर लिया है। आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। मामले की जांच एएसआई संतकुमार कर रहे हैं।
फर्जी रजिस्ट्री मामले में एक आरोपी गिरफ्तार
इधर, नेछवा थाना पुलिस ने तहसीलदार के कथित फर्जी हस्ताक्षर और मुहर का उपयोग कर जमीन की रजिस्ट्री कराने के मामले में कार्रवाई करते हुए प्रकाश जाट (28) निवासी जायल को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार आरोपी पर फर्जी दस्तावेज तैयार कर जमीन बेचने का आरोप है। प्रारंभिक जांच में इस मामले में अन्य लोगों की संलिप्तता की भी आशंका जताई गई है।
अन्य आरोपियों की तलाश जारी
पुलिस का कहना है कि गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ की जा रही है। मामले से जुड़े अन्य संदिग्धों की पहचान कर उनकी तलाश शुरू कर दी गई है। जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।






