PM Awas Yojana: हर किसी का सपना होता है उसके पास खुद का घर हो। महंगाई कैसे जमाने में आज के समय पूरी पूंजी लगाने के बाद भी सपनों का आशियाना बनाना मुश्किल लगता है। ऐसे में केंद्र और राज्य सरकार के द्वारा कई योजनाएं चलाई जाती है जिनके जरिए आप अपना घर बना सकते हैं। सरकार की इन योजनाओं में प्रधानमंत्री आवास योजना एक शानदार स्कीम है।
कब हुई थी इस योजना की शुरुआत
प्रधानमंत्री आवास योजना की शुरुआत 1996 में इंदिरा गांधी आवास योजना स्कीम के नाम से हुई थी।साल 2014 के बाद इस योजना की समीक्षा हुई फिर इसमें कुछ बदलाव करके एक अप्रैल 2016 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आवास बहुत शहरी मामलों के मंत्रालय ने प्रधानमंत्री योजना ग्रामीण की शुरुआत की। इसके बाद इसके शहरी वजन को भी लॉन्च कर दिया गया है।
कितनी मिलती है मदद
प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत 1.8 लख रुपए तक की ब्याज सब्सिडी और 2.50 लख रुपए तक की केंद्रीय मदद मिलती है। जोगी में रहने वाले लोगों को और कामकाजी महिलाओं को प्राथमिकता दी जाती है।अगर कोई आवेदक भूमिहीन है तो राज्य सरकार के द्वारा उसके लिए जमीन मुहैया कराया जाता है।
पीएम आवास योजना के नियमों में बदलाव
पीएम आवास योजना शहरी 2.0 के नियमों में बदलाव किया गया है।अगर आपने भी इस योजना के तहत घर बनवाने की प्लानिंग की है और अप्लाई किया है तो आपको नए नियम जरूर जानना चाहिए।
इस योजना का लाभ उन्ही लाभार्थियों को मिलेगा जिन्होंने 31 अगस्त 2024 से पहले जमीन खरीदी है। इसके बाद जिन लोगों ने रजिस्ट्री कराई है उन्हें घर बनाने के लिए 2.5 लख रुपए की राशि नहीं मिलेगी। रिहायशी इलाके में जमीन है तो आपको पैसा मिलेगा वरना नहीं मिलेगा। पीएम आवास योजना की इस कैटेगरी का 4 किस्त में पैसा आता है। इसके लिए आपको सर्टिफिकेट पाना जरूरी है तभी योजना का लाभ मिलेगा।इसके साथ आपका नाम पुराना वोटर लिस्ट में भी होना चाहिए तभी आपको योजना का लाभ मिल पाएगा।
