शहीद भंवरलाल सारण की प्रथम पुण्यतिथि, प्रतिमा अनावरण व लाइब्रेरी घोषणा
चूरू जिले के लूणासर गांव में मंगलवार को अमर शहीद भंवरलाल सारण की प्रथम पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि सभा, रक्तदान शिविर एवं प्रतिमा अनावरण कार्यक्रम का आयोजन भावपूर्ण माहौल में किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीणों, जनप्रतिनिधियों और गणमान्य नागरिकों ने भाग लेकर शहीद को श्रद्धासुमन अर्पित किए।
शहीद की प्रतिमा का हुआ अनावरण
कार्यक्रम के दौरान चूरू सांसद राहुल कस्वां, कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष जितेंद्र सिंह राजवी, मंडी चेयरमैन इंद्राज सारण, प्रशासक भंवरलाल पांडर, मोतीलाल जाखड़, प्रशांत चाहर, महेंद्र कुमार, लिखमाराम पांडर और जगदीश सारण सहित अन्य अतिथियों ने शहीद भंवरलाल सारण की प्रतिमा का अनावरण किया।
प्रतिमा अनावरण के दौरान एक भावुक दृश्य देखने को मिला। जब शहीद की पत्नी ने अपने वीर पति की प्रतिमा को देखा तो उनकी आंखें नम हो गईं। यह दृश्य देखकर कार्यक्रम में मौजूद लोग भी भावुक हो उठे।
शहीद का बलिदान युवाओं के लिए प्रेरणा
श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि शहीद भंवरलाल सारण का बलिदान देश और समाज के लिए सदैव प्रेरणास्रोत रहेगा। उन्होंने मातृभूमि की रक्षा के लिए अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान देकर पूरे क्षेत्र का गौरव बढ़ाया।
“शहीद कभी मरते नहीं हैं। वे अपने साहस, पराक्रम और बलिदान के कारण हमेशा लोगों के दिलों में जीवित रहते हैं।” राहुल कस्वां, सांसद चूरू
सांसद राहुल कस्वां ने युवाओं से शहीद के जीवन से प्रेरणा लेकर राष्ट्र सेवा के लिए आगे आने का आह्वान किया।
9 राज राइफल्स के वीर जवान थे भंवरलाल सारण
अमर शहीद भंवरलाल सारण भारतीय सेना की 9 राज राइफल बटालियन के वीर जवान थे। उन्होंने वर्ष 2015 में भारतीय सेना में भर्ती होकर देश सेवा का संकल्प लिया था।
जम्मू-कश्मीर के गुलमर्ग क्षेत्र में मातृभूमि की रक्षा करते हुए उन्होंने सर्वोच्च बलिदान दिया। उनके शौर्य और देशभक्ति को याद करते हुए गांव में यह विशेष आयोजन किया गया।
शहीद के नाम पर बनेगी लाइब्रेरी
कार्यक्रम के दौरान सांसद राहुल कस्वां ने ग्रामीणों को बड़ी सौगात देते हुए अपने सांसद कोष से शहीद भंवरलाल सारण के नाम पर लाइब्रेरी निर्माण की घोषणा की। इस घोषणा का ग्रामीणों ने तालियों के साथ स्वागत किया।
ग्रामीणों का कहना है कि यह लाइब्रेरी युवाओं को शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में मदद करेगी तथा शहीद की स्मृतियों को भी जीवित रखेगी।
रक्तदान कर दिया मानव सेवा का संदेश
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों ने शहीद की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। साथ ही रक्तदान शिविर में भाग लेकर मानव सेवा का संदेश दिया।





