चूरू जिले के राजगढ़ कस्बे में रेलवे में नौकरी दिलाने के नाम पर 30 लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है।
पीड़ित शिक्षक की रिपोर्ट पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
शिक्षक को रेलवे नौकरी का दिया झांसा
पुलिस के अनुसार राघा बड़ी निवासी मानसिंह मेघवाल ने रिपोर्ट दी कि वह वर्ष 2015 से चैनपुरा छोटा में शिक्षक के पद पर कार्यरत है।
इसी दौरान उसकी पहचान चैनपुरा छोटा निवासी सुरेश कुमार बिश्नोई से हुई।
स्टेशन मास्टर भर्ती के नाम पर मांगे 30 लाख
रिपोर्ट में बताया गया कि जुलाई 2023 में सुरेश कुमार ने उसकी मुलाकात कुलोठ खुर्द निवासी रोहताश कुमार से करवाई।
आरोपी ने खुद को रेलवे में नौकरी लगवाने वाला बताते हुए पीड़ित के बेटे ललित और कालरी निवासी सत्यवीर सिंह के बेटे मोहित को स्टेशन मास्टर की नौकरी दिलाने का भरोसा दिया।
इसके बदले दोनों युवकों के लिए 15-15 लाख रुपये की मांग की गई।
ऑनलाइन और नकद दिए रुपये
पीड़ित के अनुसार अगस्त 2023 से जुलाई 2024 के बीच आरोपी के खातों में 21 लाख 85 हजार रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर किए गए।
इसके अलावा 8 लाख 15 हजार रुपये नकद भी अलग-अलग लोगों की मौजूदगी में दिए गए।
रिपोर्ट में बताया गया कि इस लेनदेन में कालरी निवासी सत्यवीर ने भी फोन-पे के जरिए 15 लाख रुपये मानसिंह के खाते में भेजे थे।
आरोपी बोला- “धोखाधड़ी करना ही मेरा धंधा”
पीड़ित ने बताया कि लंबे समय तक आरोपी नौकरी लगवाने का भरोसा देता रहा।
लेकिन जब संदेह हुआ तो 13 अप्रैल 2026 को वह अपने साथियों के साथ आरोपी के घर कुलोठ खुर्द पहुंचा।
वहां आरोपी ने कथित तौर पर नौकरी लगवाने और रुपये लौटाने से साफ इनकार कर दिया।
रिपोर्ट के अनुसार आरोपी ने कहा कि “धोखाधड़ी करना ही उसका धंधा है और उसने पैसे हड़प लिए हैं।”
पुलिस ने शुरू की जांच
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने शिकायत दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस अब बैंक ट्रांजैक्शन और अन्य साक्ष्यों के आधार पर मामले की पड़ताल कर रही है।




