रतनगढ़। अखिल भारतीय किसान सभा रतनगढ़ की ओर से किसान मजदूर भवन में पूर्व प्रधानमंत्री एवं किसान नेता चौधरी चरण सिंह तथा रतनगढ़ क्षेत्र में किसानों की आवाज माने जाने वाले कॉमरेड हीरालाल कलवाणिया की पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया।
सभा में बड़ी संख्या में किसान, मजदूर और सामाजिक कार्यकर्ता शामिल हुए तथा दोनों नेताओं के चित्रों पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी गई।
किसान हितों के संघर्ष को किया याद
सभा को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि चौधरी चरण सिंह ने अपने राजनीतिक जीवन में किसानों और ग्रामीण भारत के उत्थान के लिए महत्वपूर्ण कार्य किए। वहीं कॉमरेड हीरालाल कलवाणिया ने रतनगढ़ क्षेत्र में किसानों के अधिकारों और समस्याओं को लेकर लगातार संघर्ष किया।
वक्ताओं ने कहा कि दोनों नेताओं का जीवन किसान हितों की रक्षा और सामाजिक न्याय के लिए समर्पित रहा।
“किसानों और मजदूरों के अधिकारों के लिए किया गया उनका संघर्ष आज भी प्रेरणा का स्रोत है।”
उनके विचारों पर चलने का लिया संकल्प
श्रद्धांजलि सभा में मौजूद किसानों और कार्यकर्ताओं ने दोनों नेताओं के आदर्शों और विचारों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। वक्ताओं ने किसानों की एकजुटता और संगठन की मजबूती पर भी जोर दिया।
कई किसान नेताओं ने रखे विचार
कार्यक्रम में किसान सभा के जिला उपाध्यक्ष कॉमरेड मदनलाल जाखड़, जिला कार्यकारिणी सदस्य बिरजूराम खीचड़, ब्लॉक अध्यक्ष कॉमरेड भादर भामू, सचिव गोपीचंद खीचड़ सहित कई वक्ताओं ने अपने विचार व्यक्त किए।
इसके अलावा राजस्थान शिक्षक संघ शेखावत के नेता शुभकरण नैण, रामकिशन भामू, मनीष जाखड़, ओमप्रकाश तालनिया, विजयपाल कड़वासरा, जगदीश जाखड़, संजय कुमार, सियाचंद कानसुजिया, प्रभुराम, राजपाल सारण, महावीर दईया, गिद्धाराम घींटाला, हेमाराम खोथ, छगनलाल, रामकिशन नैण और लालचंद मूंड सहित अनेक किसान-मजदूर साथी मौजूद रहे।
किसान-मजदूर एकता पर दिया जोर
सभा के दौरान वक्ताओं ने किसान और मजदूर वर्ग की एकता को मजबूत करने तथा उनके अधिकारों के लिए संघर्ष जारी रखने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि दोनों नेताओं की विरासत को आगे बढ़ाने का सबसे अच्छा तरीका उनके सिद्धांतों पर अमल करना है।





