Hindi News / General News / पुलिस पर तानाशाही का आरोप लगाते हुए थाने का घेराव व धरना प्रदर्शन की चेतावनी

पुलिस पर तानाशाही का आरोप लगाते हुए थाने का घेराव व धरना प्रदर्शन की चेतावनी

आक्रोशित लोगों ने उपखंड अधिकारी को सौंपा ज्ञापन

सरदारशहर, [जगदीश लाटा ] स्थानीय कच्चा बस स्टैंड स्थित दुकानदारों ने आज उपखंड अधिकारी को ज्ञापन देकर पुलिस पर तानाशाही का आरोप लगाया है। ज्ञापन में बताया कि गांधी विद्या मंदिर रोड पर प्राइवेट बस स्टैंड के सामने माणकचंद जांगिड़ ने करीब 45 वर्ष पहले शोभाराम के खेत की दक्षिणी पश्चिमी सिंव की तरफ दुकान बनाकर कारोबार शुरू किया था। बाद में सार्वजनिक निर्माण विभाग सरदारशहर ने दुकान को अपनी जमीन में बता कर नोटिस दिया। दूसरी तरफ शोभाराम ने कहा कि दुकान मेरी जमीन में है आप मुझे किराया दो, हम ने मना कर दिया तो 22 मार्च को शोभाराम माली, उसका पुत्र महेंद्र व अन्य परिवार के सदस्य दुकान के आगे बैठ गए और बोले कि इस किरायानामे पर हस्ताक्षर करो वरना दुकान नहीं खोलने देंगे। शोभाराम ने पुलिस की मदद से हमारी दुकान के ताला लगवा दिया और चाबी पुलिस ने लेली, जो पुलिस की तानाशाही का प्रत्यक्ष प्रमाण है। लोगों ने पुलिस पर अपने अधिकार क्षेत्र के बाहर जाकर व कानून को ताक पर रखकर दुकान के ताला लगाकर व चाबी अपने पास रखने का आरोप लगाया। पीड़ित प्रवेश जांगिड़ ने बताया कि पुलिस ने तानाशाही करते हुए मुझ गरीब का रोजगार छीन लिया है और जब इस घटना की रिपोर्ट हमने थाने में दी तो पुलिस ने शोभाराम का ही पक्ष लिया। उन्होंने बताया कि पुलिस की तानाशाही से शहर के लोग आक्रोशित हैं जिसके फलस्वरूप न्याय की मांग करते हुए 25 मार्च सुबह 10 बजे थाने का शांतिपूर्ण घेराव व धरना प्रदर्शन की चेतावनी दी है। ज्ञापन देने वालों में प्रवेश जांगिड़, पार्षद रामअवतार जांगिड़, हिमांशु, निरंजन, आनंद मीणा, संदीप मीणा, महबूब गोरी, राजकुमार, सीताराम, रामदेव जांगिड़, रोहिताश, सुनील सैनी, नवरंग जांगिड़, मोतीलाल शर्मा, समीर शेख, अमित जांगिड़, किशनलाल सहित अनेक दुकानदार व महिलाएं भी शामिल रहीं।