सीकर, मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा के मार्गदर्शन में राज्य सरकार द्वारा चलाए जा रहे खाद्य सुरक्षा गिव अप अभियान को सीकर जिले में बड़ा समर्थन मिला है। अभियान के तहत अब तक 2 लाख 16 हजार 711 व्यक्तियों ने स्वेच्छा से खाद्य सुरक्षा योजना का लाभ छोड़ा है।
कौन लोग खाद्य सुरक्षा योजना के लिए अपात्र?
खाद्य विभाग द्वारा निर्धारित मापदंडों के अनुसार, निम्न श्रेणी के परिवार निष्कासन सूची में शामिल हैं:
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जिनके परिवार में कोई आयकर दाता
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जिनके परिवार का कोई सदस्य सरकारी/अर्द्धसरकारी कर्मचारी
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जिनकी वार्षिक पारिवारिक आय 1 लाख रुपये से अधिक
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जिनके पास चार पहिया वाहन (ट्रैक्टर जैसे जीविकोपार्जन वाहन को छोड़कर)
1106 अपात्र लोगों को नोटिस, वसूली होगी
जिला रसद अधिकारी सीकर विजेंद्र पाल ने बताया कि गिव अप अभियान के तहत जिले में 1106 अपात्र व्यक्तियों को नोटिस जारी किए गए हैं। इनसे लाभ की वसूली की कार्रवाई की जाएगी।
सरकार का उद्देश्य है कि खाद्य सुरक्षा का लाभ केवल वास्तव में जरूरतमंदों तक पहुंचे,
— विजेंद्र पाल, जिला रसद अधिकारी, सीकर
उचित मूल्य दुकानों पर रोजाना जांच
अब प्रत्येक उचित मूल्य दुकान पर:
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प्रवर्तन अधिकारी और निरीक्षक औचक निरीक्षण करेंगे
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अपात्र लाभार्थियों की सूची तैयार की जाएगी
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दुकानदारों के सहयोग से नोटिस और वसूली प्रक्रिया पूरी होगी
परिवहन विभाग से डेटा लेकर होगी कार्रवाई
खाद्य विभाग जल्द ही परिवहन विभाग से चार पहिया वाहन स्वामियों का डेटा जुटाएगा। इसके आधार पर खाद्य सुरक्षा योजना में शामिल अपात्र लोगों को चिन्हित कर नोटिस जारी किए जाएंगे।
राजस्थान में गिव अप अभियान का असर
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1 नवंबर 2024 से अब तक
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पूरे राजस्थान में 48.87 लाख लोग स्वेच्छा से लाभ छोड़ चुके हैं
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सीकर जिला इस अभियान में अग्रणी जिलों में शामिल
क्यों जरूरी है गिव अप अभियान?
यह अभियान सुनिश्चित करता है कि:
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जरूरतमंद परिवारों को पूरा राशन मिले
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सरकारी संसाधनों का सही उपयोग हो
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समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति सशक्त बनें
