Archive notice This article was published on 10 December 2025 and reflects conditions at the time of publication. Information, figures, and context may have changed since.

7 साल से फरार आरोपी आखिरकार चिड़ावा पुलिस के हत्थे चढ़ा

झुंझुनूं जिले की चिड़ावा पुलिस ने 2018 के जानलेवा हमले में फरार चल रहे धारा 299 सीआरपीसी के वांछित वारंटी सुशील को गिरफ्तार कर लिया है।
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति उपाध्याय के निर्देशन में की गई।

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक देवेन्द्र सिंह राजावत एवं वृताधिकारी विकास धींधवाल के सुपरविजन में थानाधिकारी आशाराम गुर्जर के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई थी।


क्यों हुआ था जानलेवा हमला? – पूरा केस

29 मई 2018 को परवादिया अंजू देवी निवासी ओजटू ने मामला दर्ज करवाया था कि रात 10:30 बजे उसके जेठ सुशील ने दीवार कूदकर उसके पति रविंद्र पर सोते समय कुल्हाड़ी से हमला कर दिया।

हमले में पीड़ित के गर्दन और हाथ में गंभीर चोटें आई थीं।
हमला करने के बाद आरोपी ने दोबारा हमला करने की धमकी देकर फरार हो गया।


हमले के बाद से था लगातार फरार

घटना के बाद पुलिस ने आरोपी की तलाश की, लेकिन सुशील 7 साल से फरार चल रहा था
काफी प्रयासों के बाद भी आरोपी का कोई पता नहीं चल पाया, जिसके बाद उसके खिलाफ धारा 299 सीआरपीसी में वारंट जारी कर चालान न्यायालय में पेश किया गया।


सूत्रों से मिली सूचना, पुलिस ने दबिश देकर पकड़ा

9 दिसंबर 2025 को कांस्टेबल अमित सिंहाग को सूचना मिली कि आरोपी सुशील अपने घर आया हुआ है।
टीम ने तुरंत दबिश देकर उसे गांव ओजटू से गिरफ्तार कर लिया।

पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह इन वर्षों में राजगढ़, चूरू की एक गौशाला में काम करता था।


आज न्यायालय में पेश किया जाएगा

वारंटी सुशील कुमार पुत्र फूलचंद (दत्तक पुत्र पूर्णमल स्वामी), उम्र 30 वर्ष, निवासी ओजटू को आज 10 दिसंबर 2025 को न्यायालय में पेश किया जाएगा।