चिड़ावा, मनीष शर्मा झुंझुनूं जिले के चिड़ावा कस्बे के व्यस्ततम स्टेशन रोड पर मंगलवार को दो सांडों के बीच हुई जोरदार भिड़ंत ने राहगीरों और दुकानदारों की चिंता बढ़ा दी।
दोनों सांड सड़क के बीचों-बीच काफी देर तक एक-दूसरे से भिड़ते रहे, जिससे क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
वाहन चालकों को रोकने पड़े वाहन
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार दोनों सांड अचानक आमने-सामने आ गए और सींग फंसाकर लड़ाई शुरू कर दी।
सड़क पर लगातार यातायात होने के कारण कई वाहन चालकों को अपने वाहन रोकने पड़े। कुछ लोगों ने सुरक्षा के मद्देनजर रास्ता बदलकर निकलना ही बेहतर समझा।
दुकानदारों ने किया हटाने का प्रयास
घटना के दौरान आसपास के दुकानदारों ने सांडों को हटाने का प्रयास भी किया, लेकिन दोनों पशुओं का संघर्ष काफी देर तक जारी रहा।
इस दौरान लोग दूरी बनाकर खड़े रहे और किसी अनहोनी की आशंका से सतर्क नजर आए।
बढ़ रही है बेसहारा पशुओं की समस्या
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि चिड़ावा में बेसहारा पशुओं की समस्या लगातार बढ़ती जा रही है।
मुख्य बाजारों, चौक-चौराहों और व्यस्त सड़कों पर आवारा पशुओं की मौजूदगी के कारण आए दिन हादसों का खतरा बना रहता है।
पहले भी हो चुके हैं हादसे
स्थानीय लोगों ने बताया कि सांडों और अन्य आवारा पशुओं के कारण पहले भी कई बार दुर्घटनाएं हो चुकी हैं।
हाल ही में सीकर जिले में लड़ते हुए सांडों की चपेट में आने से दो लोगों की मौत हो गई थी। वहीं नवलगढ़ में भी एक बुजुर्ग पर सांड के हमले का मामला सामने आया था।
इन घटनाओं के बाद लोगों में पशुओं की बढ़ती संख्या को लेकर चिंता और बढ़ गई है।
प्रशासन से की स्थायी समाधान की मांग
स्थानीय नागरिकों ने नगर पालिका और प्रशासन से मांग की है कि बेसहारा पशुओं को मुख्य मार्गों और बाजार क्षेत्रों से हटाने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएं।
लोगों का कहना है कि यदि समय रहते समाधान नहीं किया गया तो भविष्य में कोई बड़ा हादसा हो सकता है।
सड़क सुरक्षा पर उठे सवाल
स्टेशन रोड जैसे व्यस्त क्षेत्र में सांडों की मौजूदगी ने सड़क सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े किए हैं।
नागरिकों का मानना है कि पशुओं के लिए अलग व्यवस्था और नियमित निगरानी से ऐसी घटनाओं को रोका जा सकता है।





