खनन प्रभावित क्षेत्रों के विकास हेतु 70 फीसदी प्राथमिकता वाले क्षेत्रों पर खर्च सुनिश्चित
झुंझुनूं में सोमवार को डिस्ट्रिक्ट माइनिंग फाउंडेशन ट्रस्ट (डीएमएफटी) की बैठक जिला कलेक्टर डॉ. अरुण गर्ग की अध्यक्षता में आयोजित हुई।
बैठक में उपस्थित रहे:
- झुंझुनूं सांसद बिजेंद्र ओला
- झुंझुनूं विधायक राजेंद्र भांबू
- खेतड़ी विधायक धर्मपाल गुर्जर
- सूरजगढ़ विधायक श्रवण चौधरी
- मंडावा विधायक रीटा चौधरी
- उदयपुरवाटी विधायक भगवानाराम सैनी
- पिलानी विधायक पितराम सिंह काला
नई गाइडलाइन के मुख्य प्रावधान
सदस्य सचिव एवं जिला परिषद के सीईओ कैलाश यादव ने केंद्र सरकार द्वारा वर्ष 2025 में जारी नई गाइडलाइन की जानकारी दी।
मुख्य बिंदु:
- खनन प्रभावित क्षेत्रों के विकास में 70 फीसदी खर्च प्राथमिकता वाले क्षेत्रों पर (स्वास्थ्य, पेयजल, शिक्षा, महिला कल्याण, कौशल प्रशिक्षण)।
- अन्य क्षेत्रों में अधिकतम 30 फीसदी खर्च।
- खनन प्रभावित क्षेत्र की परिधि अधिकतम 25 किलोमीटर।
प्रस्ताव भेजने की समय सीमा
बैठक में निर्णय लिया गया कि सभी संबंधित विभाग नई गाइडलाइन के अनुरूप अपने प्रस्ताव 15 अप्रैल 2026 तक डीएमएफटी को भेजें।
इससे समय पर स्वीकृति और फंड का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित होगा।
पारदर्शिता और क्षेत्रीय प्राथमिकता
अधिकारियों ने कहा कि योजनाओं के चयन में:
वास्तविक क्षेत्रीय आवश्यकताओं
का विशेष ध्यान रखा जाएगा, ताकि फंड का लाभ सही जरूरतमंदों तक पहुंचे।
पारदर्शिता
