झुंझुनूं के गणपति नगर स्थित न्यू राजस्थान बालिका पी.जी. महाविद्यालय में महात्मा ज्योतिबा फुले जयंती हर्षोल्लास के साथ मनाई गई।
यह आयोजन एन.एस.एस. की दोनों इकाइयों के संयुक्त तत्वावधान में हुआ।
निबंध प्रतियोगिता का आयोजन
कार्यक्रम के तहत “महात्मा ज्योतिबा फुले का जीवन और उनका सत्यशोधक समाज” विषय पर निबंध प्रतियोगिता आयोजित की गई।
छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए फुले के विचारों को प्रस्तुत किया।
छात्राओं को दी गई प्रेरणादायक जानकारी
संस्था निदेशक इंजी. प्यारेलाल ढूकिया ने छात्राओं को फुले के जीवन और उनके सामाजिक योगदान के बारे में विस्तार से बताया।
उन्होंने कहा कि फुले ने हमेशा दलितों और महिलाओं के कल्याण के लिए कार्य किया।
शिक्षा से सामाजिक बदलाव का संदेश
संस्था सचिव इंजी. पीयूष ढूकिया ने बताया कि महात्मा फुले ने भारत का पहला बालिका विद्यालय स्थापित किया था।
उन्होंने शिक्षा को:
- सामाजिक समानता
- जाति प्रथा उन्मूलन
- महिला सशक्तिकरण
का सबसे प्रभावी माध्यम बनाया।
सत्यशोधक समाज की भूमिका पर चर्चा
महाविद्यालय प्राचार्या डॉ. सुमन जानू ने छात्राओं को बताया कि सत्यशोधक समाज समाज के कमजोर वर्गों और महिलाओं के उत्थान के लिए कार्य करता रहा है।
कार्यक्रम में रही सक्रिय भागीदारी
इस अवसर पर एनएसएस प्रभारी पिंकेश, अंजु सैनी, महाविद्यालय स्टाफ और बड़ी संख्या में छात्राएं उपस्थित रहीं।
कार्यक्रम में छात्राओं ने बढ़-चढ़कर भाग लेकर सामाजिक जागरूकता का संदेश दिया।
