उदयपुरवाटी, कैलाश बबेरवाल झुंझुनूं जिले के उदयपुरवाटी क्षेत्र स्थित प्रसिद्ध मनसा माता कंजर्वेशन रिजर्व में वन विभाग ने अवैध अतिक्रमण के खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है।
क्षेत्रीय वन अधिकारी कार्यालय ने ग्राम गिरावड़ी में समाधि स्थल के पास अस्थाई दुकानें लगाने वालों को नोटिस जारी किया है।
बिना अनुमति लगाए गए टेंट और दुकानें
वन विभाग के अनुसार वन भूमि पर बिना किसी सक्षम अनुमति के गैर-वानिकी गतिविधियां संचालित की जा रही थीं।
मौके पर लकड़ी की दुकान और टेंट लगाकर अतिक्रमण किया गया था।
इसके अलावा भूमि का समतलीकरण कर प्राकृतिक स्वरूप को भी नुकसान पहुंचाया गया।
प्लास्टिक सामग्री से वन्यजीवों को खतरा
जांच में सामने आया कि अवैध दुकान के जरिए प्रतिबंधित प्लास्टिक और पॉलिथीन सामग्री बेची जा रही थी।
वन विभाग ने कहा कि इससे वन संपदा और वन्यजीवों के प्राकृतिक आवास पर नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है।
पहले दी गई थी समझाइश
वन विभाग ने बताया कि 18 अप्रैल 2026 को भी टीम द्वारा मौखिक रूप से समझाइश दी गई थी।
इसके बावजूद गतिविधियां बंद नहीं होने पर अब अंतिम नोटिस जारी किया गया है।
5 दिन में हटाना होगा अतिक्रमण
विभाग ने निर्देश दिए हैं कि यदि संबंधित व्यक्ति के पास कोई वैध दस्तावेज हैं तो उन्हें 3 दिन के भीतर रेंज कार्यालय में प्रस्तुत किया जाए।
दस्तावेज नहीं होने की स्थिति में 5 दिन के भीतर अतिक्रमण और सामान हटाने के आदेश दिए गए हैं।
कानूनी कार्रवाई की चेतावनी
वन विभाग ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि तय समय में अतिक्रमण नहीं हटाने पर राजस्थान वन अधिनियम 1953, वन संरक्षण अधिनियम 1980 और वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
विभाग ने नाका प्रभारी को नोटिस तामील करवाने के निर्देश भी जारी कर दिए हैं।




