झुंझुनूं जिले के नवलगढ़ क्षेत्र के परसरामपुरा गांव में बने राजीव गांधी खेल स्टेडियम पर हुई कार्रवाई को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है।
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने सोशल मीडिया पर भाजपा सरकार की कार्रवाई को लेकर तीखी प्रतिक्रिया दी है।
अशोक गहलोत ने जताई नाराजगी
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा कि परसरामपुरा में करीब 10 करोड़ रुपये की लागत से जनता के लिए बनाए गए राजीव गांधी खेल स्टेडियम पर बुलडोजर चलाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और जनविरोधी कदम है।
उन्होंने लिखा कि राजनीतिक द्वेष के कारण विकास कार्यों को नष्ट किया जा रहा है और शांतिपूर्ण विरोध कर रहे पूर्व मंत्री डॉ. राजकुमार शर्मा सहित ग्रामीणों को गिरफ्तार करना अलोकतांत्रिक है।
गहलोत ने कहा,
“सार्वजनिक धन की इस बर्बादी और दमनकारी कार्रवाई की मैं कड़ी निंदा करता हूं।”
उन्होंने मुख्यमंत्री से यह जांच करवाने की मांग भी की कि पुलिस और प्रशासन ने यह कार्रवाई किसके दबाव में की।
डोटासरा ने साधा भाजपा पर निशाना
वहीं कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने भी सोशल मीडिया पर भाजपा सरकार पर हमला बोला।
उन्होंने लिखा,
“कोई सपने बुनता है, कोई सपनों पर बुलडोजर चलाता है। यही फर्क है गांधी और गोडसे की सोच में।”
डोटासरा ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार ने युवाओं के स्टेडियम को उजाड़कर अहंकार का परिचय दिया है।
उन्होंने कहा कि युवाओं का मैदान टूटा है, लेकिन उनका हौसला नहीं टूटा और आने वाले समय में युवा इसका जवाब देंगे।
राजकुमार शर्मा का भी किया जिक्र
गोविंद सिंह डोटासरा ने अपने बयान में पूर्व मंत्री डॉ. राजकुमार शर्मा का जिक्र करते हुए कहा कि जब बुलडोजर कार्रवाई हो रही थी, तब वे जनता के हक की लड़ाई लड़ रहे थे।
राजनीतिक माहौल गरमाया
स्टेडियम को लेकर हुई कार्रवाई के बाद क्षेत्र में राजनीतिक माहौल गरमा गया है। सोशल मीडिया पर भी इस मुद्दे को लेकर लगातार प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।





