Hindi News / Health News (चिकित्सा समाचार) / राजस्थान के निजी अस्पताल 15 जुलाई से RGHS सेवा रोकेंगे

, ,

राजस्थान के निजी अस्पताल 15 जुलाई से RGHS सेवा रोकेंगे

डॉ कमल चंद सैनी अध्यक्ष, उपचार, राजस्थान सदस्य राजस्थान अलायन्स ऑफ़ हॉस्पिटल एसोसिएशनस ने प्रेस नोट जारी कर दी जानकारी

राजस्थान के 700 से अधिक अस्पतालों का भुगतान 7 माह से लंबित

जयपुर/झुंझुनूं राजस्थान में RGHS (राजस्थान गवर्नमेंट हेल्थ स्कीम) योजना को लेकर निजी अस्पतालों के सब्र का बांध टूट गया है। राजस्थान अलायन्स ऑफ हॉस्पिटल एसोसिएशन (RAHA) ने 15 जुलाई 2025 से राज्य भर के निजी अस्पतालों में RGHS के तहत कैशलेस सुविधा बंद करने का ऐलान किया है।

निजी अस्पतालों की ये हैं प्रमुख शिकायतें

  • TMS पोर्टल बिना नोटिस के बंद कर दिया गया।
  • 7 महीने से अधिक समय से करीब 980 करोड़ रुपये का भुगतान लंबित, जिसमें अकेले शेखावाटी के अस्पतालों का 80 करोड़ से ज्यादा बकाया है।
  • दवा कंपनियों और कर्मचारियों को भुगतान नहीं होने से सेवाएं प्रभावित हो रही हैं।
  • बार-बार नए नियम लागू कर जायज क्लेम भी रिजेक्ट किए जा रहे हैं।

RAHA की मांगें क्या हैं?

RAHA द्वारा मांगे गए प्रमुख बिंदु:

  1. जिन अस्पतालों का TMS मामूली कारणों से बंद हुआ, उसे तुरंत चालू किया जाए।
  2. 7 माह से बकाया सभी भुगतान तुरंत किए जाएं।
  3. RAHA की 7 सदस्यीय समिति को मान्यता दी जाए।
  4. अस्पतालों को योजना की प्रशिक्षण सुविधा दी जाए।
  5. भुगतान समय सीमा निर्धारित की जाए।
  6. मनमाने आदेशों और प्रक्रिया से राहत दिलाई जाए।

RAHA का कहना है कि अगर मांगे नहीं मानी गईं, तो 15 जुलाई से कैशलेस सुविधा बंद कर CGHS दरों पर इलाज किया जाएगा, और मरीज खुद क्लेम कर पुनर्भरण ले सकेंगे।

शेखावाटी क्षेत्र पर विशेष प्रभाव

RAHA के अनुसार, शेखावाटी क्षेत्र के अस्पतालों पर करीब 80 करोड़ रुपये का भुगतान लंबित है, जिससे चिकित्सा सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हो रही हैं। “हमारे पास अब कैशलेस बंद करने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है,” – ऐसा कहना है डॉ. कमल चंद सैनी, अध्यक्ष, उपचार संस्था और RAHA सदस्य का।

किन संगठनों ने दिया समर्थन?

इस विरोध को निम्न संस्थाओं का समर्थन प्राप्त है:

  • IMA
  • AHPI
  • PHNHS
  • RPHA
  • UPCHAR
  • शेखावाटी प्राइवेट हॉस्पिटल एसोसिएशन
  • Private Medical Colleges & Corporate Hospitals

RAHA ने उन सभी चिकित्सकों और स्टाफ का आभार जताया जिन्होंने भुगतान न मिलने के बावजूद ईमानदारी से सेवाएं दीं।