रतनगढ़, खाटू में सड़क किनारे फुटपाथ पर लावारिस अवस्था में एक विमंदित व बीमार व्यक्ति मिलने से मानवीय संवेदनाओं को झकझोर देने वाला मामला सामने आया।
दिल्ली के बुधपुर निवासी अनिल अग्रवाल ने जब इस व्यक्ति को दयनीय हालत में देखा, तो तुरंत इसकी सूचना अपना घर आश्रम को दी।
आश्रम टीम ने किया रेस्क्यू
सूचना मिलते ही आश्रम के अध्यक्ष डॉ. वी.पी. गोयल ने टीम को मौके पर भेजा।
टीम के सदस्य अंकित जांगिड़, हेमंत प्रजापत और सुरेश शर्मा ने खाटू पहुंचकर व्यक्ति की तलाश की।
वह एक दुकान के आगे कचरे में नग्न अवस्था में मिला, जिसकी हालत बेहद गंभीर थी।
अपना नाम ‘दिनेश’ बताया
टीम द्वारा बातचीत करने पर वह व्यक्ति स्पष्ट रूप से कुछ भी बता नहीं पा रहा था।
हालांकि उसने अपना नाम दिनेश बताया और उसकी उम्र करीब 40 वर्ष आंकी गई है।
आश्रम में दी गई नई जिंदगी
टीम उसे तुरंत अपना घर आश्रम लेकर आई, जहां केयरटेकर द्वारा उसे नहलाकर साफ किया गया।
आश्रम की परंपरा के अनुसार उसका अभिषेक कर गणवेश पहनाया गया और उसकी सेवा शुरू की गई।
आश्रम में 33 निराश्रितों की देखभाल
वर्तमान में अपना घर आश्रम में कुल 33 निराश्रित लोगों की सेवा की जा रही है।
आश्रम लगातार ऐसे जरूरतमंद और बेसहारा लोगों को सहारा देने का कार्य कर रहा है।
मानवता की मिसाल बना प्रयास
यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि मानवता और सेवा भावना आज भी जीवित है।
स्थानीय लोगों ने भी इस कार्य की सराहना की है।



