सीकर प्रशासन ने गैस एजेंसियों की जांच के लिए दो टीमें बनाई
सीकर जिले में घरेलू गैस सिलेंडर की आपूर्ति को लेकर प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं। बुधवार को राजस्थान के मुख्य सचिव की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए बैठक आयोजित की गई, जिसमें जिले की एलपीजी आपूर्ति व्यवस्था की समीक्षा की गई।
जिला कलेक्टर मुकुल शर्मा ने बताया कि जिले में घरेलू गैस सिलेंडरों की किसी भी प्रकार की कमी नहीं है और नियमित रूप से गैस एजेंसियों को सप्लाई दी जा रही है।
गैस एजेंसियों की जांच के लिए दो दल गठित
जिला प्रशासन ने गैस एजेंसियों की निगरानी के लिए दो जांच दल गठित किए हैं।
इन टीमों में शामिल हैं:
- खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के प्रवर्तन अधिकारी/निरीक्षक
- तहसीलदार
- पुलिस थानाधिकारी
ये दल गैस एजेंसियों के स्टॉक की जांच करेंगे और यह भी देखेंगे कि बुकिंग के अनुसार उपभोक्ताओं को गैस सिलेंडर की आपूर्ति हो रही है या नहीं।
शिकायत के लिए जारी किए गए हेल्पलाइन नंबर
यदि किसी उपभोक्ता को गैस सप्लाई में देरी, कालाबाजारी या अन्य समस्या का सामना करना पड़ता है, तो वे शिकायत दर्ज करवा सकते हैं।
- जिला कंट्रोल रूम: 01572-251008
- पुलिस कंट्रोल रूम: 112
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि किसी भी तरह की समस्या होने पर तुरंत सूचना दें।
3–4 दिन में मिल रहा गैस सिलेंडर
जिला कलेक्टर ने बताया कि वर्तमान में जिले में बुकिंग के बाद 3 से 4 दिन के भीतर गैस सिलेंडर उपलब्ध कराया जा रहा है।
पहले उपभोक्ताओं को 21 दिन बाद बुकिंग की अनुमति थी, लेकिन अब इसे बदलकर 25 दिन बाद बुकिंग का प्रावधान कर दिया गया है।
ज्यादा बुकिंग और स्टॉक न करें
जिला रसद अधिकारी विजेन्द्रपाल ने उपभोक्ताओं से अपील की कि गैस की कमी की अफवाहों से घबराएं नहीं।
उन्होंने कहा:
“जिले में गैस की आपूर्ति सामान्य है। ज्यादा बुकिंग और सिलेंडर का अनावश्यक संग्रहण न करें, इससे सर्वर पर दबाव बढ़ जाता है।”
सरकारी संस्थानों को सप्लाई जारी
प्रशासन ने स्पष्ट किया कि सरकारी अस्पताल, हॉस्टल, स्कूल और अन्नपूर्णा रसोई जैसी संस्थाओं के लिए गैस सिलेंडरों की आपूर्ति बिना किसी बाधा के जारी रहेगी।
हालांकि वर्तमान में जिले में व्यावसायिक गैस सिलेंडरों की बिक्री नहीं हो रही है, लेकिन हॉस्टल और कोचिंग संस्थानों को आवश्यक आपूर्ति दी जाएगी।
